राप्रपा ने किया १८ सांसदों के ऊपर कारवाही की घोषणा

काठमांडू, ६ भाद्र ।

राष्ट्रीय प्रजातन्त्र पार्टी (राप्रपा) ने संसद में पार्टी ह्वीप उल्लंघन करनेवालें १८ सांसदों को कारबाही करने का निर्णय लिया है । विकसित राजनीतिक परिस्थिति के ऊपर विचार–विमर्श करने के लिए मंगलबार आयोजित बैठक ने यह निर्णय लिया है । संविधान संशोधन के लिए संसद में सोमबार की गई मतदान प्रक्रिया में राप्रपा के १८ सांसदों अनुपस्थित थे । बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए पार्टी प्रवक्ता भुवन पाठक ने बताया है कि १८ सांसदों ने पार्टी हित विपरित काम किया है ।
प्रसंग यह है कि संविधान संशोधन के लिए सोमबार आयोजित संसद बैठक में पार्टी ह्विप विपरित राप्रपा के १८ सांसद अनुपस्थित थे । उनमें से दीपक बोहोरा, विक्रम पाण्डे, सुनिल थापा, बिराज बिष्ट, रेशम लामा, विक्रम थापा, सइन्द्र बान्तवा, कमला शर्मा, भानु महरा, रामकुमार सुब्बा, बबिना मोक्तान, सीता लुईटेल, राज्यलक्ष्मी श्रेष्ठ, लक्ष्मी थापा पासवान, सरोज शर्मा, आनन्दी पन्त, इस्तियाक अहमद खान और गीता सिंह हैं । यह सभी सांसद राप्रसा से अलग हुए पशुपति राणा के पक्षधर हैं । राणा, संविधान संशोधन के पक्ष में हैं ।
राप्रपा बैठक ने यह भी निर्णय लिया है कि राणा नेतृत्व में प्रस्तावित नयां पार्टी ‘राप्रपा प्रजातान्त्रिक’ के संबंध में सर्वोच्च अदालत द्वारा किया गया फैसला के ऊपर राप्रपा भी कानुनी उपचार के लिए आगे बढ़ेगा । स्मरणीय है कि सोमबार ही सर्वोच्च अदालत के न्यायाधीश तेजबहादुर केसी ने राप्रपा प्रजातान्त्रिक को नयां दल के रुप में मान्यता देकर ‘दल दर्ता करने के लिए निर्वाचन आयोग को निर्देशन दिया था । इधर कमल थापा नेतृत्व में रहे राप्रपा का मानना है कि राप्रपा प्रजातान्त्रिक के पक्ष में ४० प्रतिशत केन्द्रीय सदस्य नहीं है, इसीलिए उसको नयां दल का मान्यता नहीं मिलना चाहिए ।

Loading...

Leave a Reply

Be the First to Comment!

avatar
  Subscribe  
Notify of
%d bloggers like this: