item-thumbnail

दमन और शोषण की उम्र लम्बी नहीं होती, इतिहास गवाह है : श्वेता दीप्ति

0 June 19, 2017

श्वेता दीप्ति, काठमांडू, १९ जून | एक बार फिर सत्ता ने साबित कर दिया कि उनकी नजर और उनकी सोच मधेश के लिए जो कल थी वही आज है और आगे भी किसी बदलाव की सम्...

item-thumbnail

देउवा के अच्छे दिन बारह वर्षों बाद आए हैं, नेपाल के अच्छे दिन कब आएँगे ? श्वेता दीप्ति

0 June 16, 2017

किस्तों में बँटी राजनीति, नई किस्त देउवा के नाम – श्वेता दीप्ति वैसे देउवा के अच्छे दिन बारह वर्षों के बाद आए हैं देखना यह है कि नेपाल के अच्छे ...

item-thumbnail

प्रेस काउंसिल का हार्दिक आभार : सम्पादक, हिमालिनी

0 June 12, 2017

हिमालिनी प्रेस काउंसिल का हार्दिक आभार व्यक्त करती है । विगत २० वर्षों से हिमालिनी प्रकाशित हो रही है । पिछले दिनों कुछ अवांछित तत्त्वों की इर्ष्यापूर...

item-thumbnail

क्या मधेशी दल सिर्फ सहमति पर हस्ताक्षर और समर्थन देने के लिए है : श्वेता दीप्ति

0 June 8, 2017

  श्वेता दीप्ति, काठमांडू,८ जून | एकबार फिर सत्ता परिवर्तन हो चुका है । नया नेतृत्व हमारे सामने है किन्तु अगर विश्लेषण किया जाय तो सिर्फ नाम परिवर्तित...

item-thumbnail

हिन्दी साहित्य में नारी के बदलते रूप

0 June 5, 2017

  तुम्हारे अधरों का रस पान, वासना तट पर पिया अधीर । अरी ओ माँ हमने है पिया, तुम्हारे स्तन का उज्ज्वलक्षीर।। घृतकुम्भसमा नारी तप्तागारसमः पुमान। न...

item-thumbnail

नाव जर्जर ही सही, लहरों से टकराती तो है .दुष्यन्त कुमार

0 June 3, 2017

2 जून दुष्यंत कुमार उत्तर प्रदेश के बिजनौर के रहने वाले थे। जिस समय दुष्यंत कुमार ने साहित्य की दुनिया में अपने कदम रखे उस समय भोपाल के दो प्रगतिशील श...

item-thumbnail

मधेश की भावनाओं को दरकिनार करने की कोशिश ना करें : श्वेता दीप्ति

1 May 31, 2017

श्वेता दीप्ति , काठमांडू, ३१ मई | तेरी वफा खतरे में है बेवफाई की तो सोचना भी मत । जी हाँ फिलहाल राजपा नेपाल के लिए आम मधेशी की यही धारणा है । मधेशी ने...

item-thumbnail

राजपा प्रतिबद्ध है, विभेद को हटाकर रहेगी : महन्थ ठाकुर से श्वेता दीप्ति की बातचीत

1 May 17, 2017

मधेश के मुद्दों के साथ राजपा, सरकार से कोई गलत सौदा नहीं करेगी  हमने पहले भी पूरे देश को लेकर चलने की कोशिश की है और आज भी राजपा नेपाल समग्र नेपाल को ...

item-thumbnail

चुनावी गठबन्धन,प्रजातंत्र का विकृत नमूना पेश किया जा रहा है : श्वेता दीप्ति

0 May 14, 2017

यह गहन प्रश्न कैसे समझाएँ ? दस बीस अधिक हों तो हम नाम गिनाएँ । पर, कदम कदम पर यहाँ खड़ा पातक है, हर तरफ लगाए घात खड़ा घातक है । – दिनकर श्वेता दीप्ति ...

item-thumbnail

राजनीति से नीति गायब हो चुकी है सिर्फ राज करने की भावना रह गई है : श्वेता दीप्ति

1 May 10, 2017

मजे की बात तो यह है कि घोषणापत्र में इतने हवाई किले बाँधे गए हैं जो आम जनता की आम जरुरतों को तो बिल्कुल भी सम्बोधित नहीं करता है । फिर भी कैसी बाध्यता...

item-thumbnail

जब पूरा तंत्र ही भ्रष्ट हो तो उसका निराकरण करने वाला बलि का बकरा तो बनेगा ही : श्वेता दीप्ति

0 May 3, 2017

कार्की के लिए यह कहा जा सकता है कि कई निर्णय उन्होंने पूर्वाग्रह से ग्रसित होकर किया, जो किसी भी तरह न्यायायिक प्रक्रिया में उचित नहीं माना जा सकता । ...

item-thumbnail

राष्ट्राध्यक्ष की चिन्ता और मधेश की अपेक्षा : डॉ. श्वेता दीप्ति

0 April 29, 2017

देश की आधी आबादी मधेश में बसती है और वर्तमान में वहाँ की जनता अविश्वास की हवा में साँसें ले रही है । चुनाव की हवा साँस नहीं दे रही, बल्कि उनकी साँसों ...

item-thumbnail

दो वर्ष गुजर गए पर त्रासदी की यादें आज भी धुँधली नहीं हुई हैं : श्वेता दीप्ति

0 April 25, 2017

विश्व के सभी देशों ने आपदा के उस क्षण मे दिलो जान से मदद की थी । नेपाल की ही आँखे नम नहीं थीं । यहाँ का दर्द सबने महसूस किया था । परन्तु अफसोस अगर किस...

item-thumbnail

वी.पी.के.एफ. द्वारा नेपाल और भारत के बीच धार्मिक पर्यटन की सम्भावनाओं पर कार्यक्रम

0 April 24, 2017

बैसाख ११ गते । वी.पी कोइराला फाउन्डेशन द्वारा नेपाल और भारत के बीच धार्मिक पर्यटन की सम्भावनाओं पर सोमवार अपराह्न भारतीय पुस्तकालय के सभाकक्ष में कार्...

item-thumbnail

एकीकरण एक सही कदम, मधेशी को वर्षों से अपेक्षा थी : श्वेता दीप्ति

0 April 21, 2017

जहाँ एक ओर मधेश की जनता में खुशी है वहीं यह सोच भी शामिल है कि कहीं यह एकीकरण मृगतृष्णा ना हो । परन्तु वर्तमान परिस्थितियों में मधेश की जनता को इस शक ...

item-thumbnail

लोकतंत्रीय व्यवस्था महज दिखावा तो नहीं ? श्वेता दीप्ति

0 April 20, 2017

चुनावी चिन्ह पार्टियों को प्राप्त नहीं हुए हैं, मतदाताओं की नामावली सूची नदारद है, ऐसी ही कई तकनीकी समस्याएँ हैं, ऐसे में क्या एक निष्पक्ष और भयमुक्त ...

item-thumbnail

मोर्चा की अस्पष्ट नीति मधेश की हवा को डा. राउत से जोड़ती है : श्वेता दीप्ति

0 April 14, 2017

६० दिनों से हिरासत में रहे राउत को दस हजार की जमानत रकम के साथ छोड़ा जाता है और फिर तत्काल ही गिरफ्तार कर लिया जाता है । यह कैसा लोकतंत्र और कैसा कानू...

item-thumbnail

मधेश की मिट्टी में क्रांति के बीज स्वतः प्रस्फुटित होते हैं : श्वेता दीप्ति

0 March 29, 2017

क्या प्रहरी का काम सिर्फ नेताओं को सुरक्षा देना है ? क्या प्रहरी या प्रशासन सिर्फ समुदाय विशेष के लिए है ? वैसे पिछले आन्दोलन में सद्भावना अध्यक्ष महत...

item-thumbnail

बन्द करो यह खून की होली,जो रक्त बहा वह, एक इंसान का था… : श्वेता दीप्ति

0 March 23, 2017

सरकार का कहना है कि सप्तरी में जो हुआ उसका आदेश नहीं था, तो क्या प्रहरी अपनी मर्जी चला रहे हैं ? अगर ऐसा है तो क्या ऐसे निरंकुश प्रहरी प्रशासन के बल प...

item-thumbnail

एक मौत ऐसी जिसे शहीद घोषित करने में एक दिन भी नहीं लगा : श्वेता दीप्ति

0 March 14, 2017

क्या मरने वाले मधेशी सिर्फ मधेशी थे, या वो नेपाली थे ? और अगर नेपाली नागरिक थे तो क्या सत्ता की कोई जिम्मेदारी नहीं होती है इनके लिए ? जख्म देने वाले ...

item-thumbnail

लाशों की ढेर को सीढी मत बनाइए ! मौत से अब मधेशी डरता नहीं : श्वेता दीप्ति

0 March 8, 2017

बूट और लाठी से निहत्थी जनता को घेर कर ऐसे मार रहे थे मानो वो इंसान नहीं भेड़ बकरी हो । उफ ! इतनी विभत्स मौत, कि स्वयं मौत की भी रुह काँप जाए किन्तु नह...

item-thumbnail

संवैधानिक संकट में फंसता नेपाल : डॉ. श्वेता दीप्ति

0 March 5, 2017

देश की युवा शक्ति विदेश पलायन कर रही है । रोजगार का अवसर सरकार मुहैया नहीं कर पा रही । रेमिट्यान्स की अपेक्षा पर देश के विकास की दौड़ तेज नहीं हो सकती...

item-thumbnail

विपरित परिस्थितियों में श्री रंजीत जी ने गजब धैर्य का परिचय दिया : डॉ. श्वेता दीप्ति

0 February 28, 2017

श्वेता दीप्ति, काठमांडू, २८ फरवरी | कई मरतबा आप का व्यक्तित्व खुद आपका परिचय देता है । क्योंकि चेहरा खुद बोलता है । भारतीय राजदूत महामहिम रणजीत राय जी...

item-thumbnail

मोर्चा के नेता संसद छोड़ें और अपनी मिटटी पर आएं : श्वेता दीप्ति

0 February 23, 2017

  एक और जो राजनीति सामने आ रही है वो एमाले की है । कल तक जिस संशोधन विधयक को आत्मघाती, राष्ट्रघाती बताया जा रहा था फिलहाल उस पर विचार करने का मूड बना ...

item-thumbnail

सीके राउत को गिरफ्तार करके देश बचाने की वकालत की जा रही है : श्वेता दीप्ति

0 February 22, 2017

जब भी देश किसी निर्णायक मोड़ पर होता है और जनता की आंखें किसी परिणाम की उम्मीद करती है, तो एक सोची समझी नीति के तहत सत्ता ऐसा कदम उठाती है कि, जनता का...

item-thumbnail

गालियों की संस्कृति –  डा.श्वेता दीप्ति

1 February 16, 2017

                                       तुम गालियाँ दो तबतक जबतक तुम्हारी जुबाँ थक न जाय  : डा.श्वेता दीप्ति        तुम गालियाँ दो, तब तक दो,जब तक तुम्...

item-thumbnail

प्रधानमंत्री ने हिन्दी में भाषण देकर बता दिया कि हिन्दी नेपाल की भाषा है : श्वेता दीप्ति

0 February 15, 2017

 हिन्दी भाषा पर विवाद कितना उचित कितना अनुचित ? श्वेता दीप्ति  अभी ११ फरवरी को रौतहट के झिंगर्वा गाँव में एक कार्यक्रम के दौरान हमारे प्रधानमंत्री जी ...

item-thumbnail

ओलीजी की विभेदकारी नीति ही सीके राउत को जन्म दिया है : श्वेता दीप्ति

1 February 8, 2017

जिम्मेदार पार्टी ने ही देश को दो भागों में बाँट दिया है । जनता की भावनाओं को उकसा कर और राष्ट्रवाद का हवाला देकर माननीय ओली जी ने देश को जिस दो छोरों ...

item-thumbnail

पांचाली तेरे चीर को हरा किसने ? श्वेता दीप्ति

0 January 21, 2017

पांचाली तेरे चीर को हरा किसने ? श्वेता दीप्ति, ९ माघ पांचाली तेरे चीर को हरा किसने ? ये वही था जिसे ये गुरुर था कि दुनिया उसी की है ।                 ...

item-thumbnail

२०वें वर्ष में प्रवेश करती हिमालिनी : आज की आवाज, सबकी आवाज

0 January 9, 2017

आसान नहीं था हिमालिनी का बीस वर्षों का सफर, समय था राजतंत्र का, जहाँ आपके शब्दों पर पहरे थे, आपकी भावनाएँ और अभिव्यक्ति को व्यक्त करना सहज नहीं था, ऐस...

item-thumbnail

हिन्दी प्रेम,मिलन और सौहार्द की भाषा है : श्वेता दीप्ति

0 January 9, 2017

हिन्दी भाषा प्रेम,मिलन और सौहार्द की भाषा है। यह मुख्यरूप से आर्यों और पारसियों की देन है। हिन्दी के ज्यादातर शब्द संस्कृत,अरबी और फारसी भाषा से लिए ग...

item-thumbnail

आखिर मधेश पर शक कब तक ? श्वेता दीप्ति

0 January 9, 2017

श्वेता दीप्ति ,काठमांडू, ९, जनवरी |  जब–जब मधेश के हक या अधिकार की बातें सामने आती हैं तो सारा दोष भारत के ऊपर मढ़ दिया जाता है । मधेश के विकास की बाते...

item-thumbnail

हिमालिनी परिवार की ओर से आप सबको नव वर्ष की हार्दिक, मंगलमय शुभकामना

0 January 1, 2017

हमारी संस्कृति रही है कि हम प्रकृति के ढलते और उगते दोनों रूपों का सम्मान करते हैं । २०१६ को हमारा सलाम और आनेवाला वर्ष का तहे दिल से स्वागत । २०१७ हम...

item-thumbnail

संविधान पर मंडराता संकट : डा. श्वेता दीप्ति

0 January 1, 2017

आन्दोलन देश का था और आक्षेप पड़ोसी पर लग रहा था । आज भी कमोवेश आलम वही है ।  विकास की असंख्य सम्भावनाओं के बावजूद मधेश मे आज कुछ है तो वह है असंतोष, अश...

item-thumbnail

एमाले की राष्ट्रवादिता और पूर्व राजा की तत्परता कई अंदेशों को जन्म देती है : श्वेता दीप्ति

1 December 23, 2016

कल तक पूर्वराजा सिर्फ पर्वत्योहारों पर शुभकामना देते हेए दिखाई देते थे आज प्रेसविज्ञप्ति निकाल कर राष्ट्र को कमजोर करने और राष्ट्रीय गौरव को मिटाने की...

item-thumbnail

मधेश में आज भी नेपाली से अधिक हिन्दी समझते हैं : महन्थ ठाकुर

0 December 14, 2016

काठमाडौं, २८ मंसिर । वरिष्ठ नेता और तराई मधेश लोकतान्त्रिक पार्टी के अध्यक्ष महन्थ ठाकुर की छवि एक शांत और साफ सुथरे व्यक्तित्व की रही है । हाल में एक...

item-thumbnail

भारत को“मोस्ट फेवर्ड नेशन” घोषित करें बाहर के नेपालियों की शर्त कितना संभव ! श्वेता दीप्ति

0 December 13, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू, १३ दिसिम्बर | कभी संशोधन की तैयारी, कभी निर्वाचन की तैयारी तो कभी संविधान कार्यान्वयन की तैयारी देश का यह एक पक्ष है, तो दूसर...

item-thumbnail

इन्डो नेपाल फ्रेन्डशिप इवेन्ट, दिलों की गलतफहमी को संगीत से दूर करने का प्रयास

0 December 9, 2016

काठमांडू, ९ दिसिम्बर | इन्डो नेपाल फ्रेन्डशिप इवेन्ट, सांस्कृतिक और पर्यटन प्रदर्शनी.(३०,३१दिसम्बर से १,२जनवरी२०१७) नेपाल भारत का सम्बन्ध सदियों का है...

item-thumbnail

नागरिक एक ही है, चाहे डा.केसी हों या विकास तिवारी शीघ्र कार्यवाही होनी चाहिए : श्वेता दीप्ति

0 December 6, 2016

श्वेता दीप्ति , काठमांडू ,६ दिसम्बर | ये लोकतंत्र है जहाँ अमीर और गरीब दोनों के जान की कीमत एक ही है क्योंकि हम लोकतंत्र में जी रहे हैं । जहाँ मौलिक अ...

item-thumbnail

महाभियोग, भ्रमण और संशोधन : डा. श्वेता दीप्ति

0 November 30, 2016

सही जगह पर कम और गलत जगहों पर अख्तियार ने अपना निरंकुश रूप दिखाया और आतंक का वातावरण कायम करने में कामयाब भी हुआ । व्यक्तिगत कारणों की वजह से शिकायतें...

item-thumbnail

…दिल से काले परदे को हटा कर तो देख : श्वेता दीप्ति

0 November 29, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू ,२९ नवम्बर  | गुजरता वक्त कहता है जरा हमें आजमा कर तो देख, क्यों मायूस है दिल किसी को अपना बना कर तो देख । जाओ बख्श दिया तुम्ह...

item-thumbnail

घूँघट? पहचान कदापि नहीं, मधेशी महिलाओं के पिछड़ेपन का प्रतीक: श्वेता दीप्ति

0 November 21, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू, २१ नवम्बर | क्या है घूँघट ? हमारी पहचान, हमारी संस्कृति, परम्परा या बाध्यता ? किसने क्या कहा मैं उस ओर नहीं जा रही । किसी ने ...

item-thumbnail

सत्ता टिकाने के लिये सत्ताधारीयों ने मधेशियों से २२ व ८ बुँदे समझौता किया था : श्वेता दीप्ति

0 November 16, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू,१६ नवम्बर | किसी भी लोकतंत्र में जनता सर्वोपरि होती है । जनता है तो नेता हैं क्योंकि, उनका चुनाव जनता करती है और उसे अपना प्रत...

item-thumbnail

छठ पूजा शक्ति का देवता सूर्य साधना का श्रेष्ठतम पर्व है : श्वेता दीप्ति

0 November 6, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू ,६ नवम्बर | कार्तिक मास शुक्ल षष्ठी को सूर्य साधना का महा पर्व छठ पूजा मनाने की परंपरा सादियों से चली आ रही है । छठ पूजा सूर्य...

item-thumbnail

देखें ऊंट किस करवट बैठता है मधेशियों की शहादत जीतती है या सत्ता की जिद ?

0 November 5, 2016

  — श्वेता दीप्ति, काठमांडू, ५ नवम्बर | संविधान संशोधन : क्या समाधान की राह निकलने वाली है ? संविधान मिला परन्तु वैधानिक स्तर पर मधेश समस्या का ...

item-thumbnail

क्या भारत और पाक तनाव के बीच नेपाल सुरक्षित है ?-डा. श्वेता दीप्ति

0 November 3, 2016

पीओके में की गई सर्जिकल स्ट्राइक का प्रभाव यह है कि भारतीय नेतृत्व की स्थिति और मजबूत हो गई है । मोदी सरकार ने भारत की जनता के अलावा २० से ज्यादा देशो...

item-thumbnail

बिन मौसम बरसात, लोकमान की नियुक्ति भी विवादित और पदच्यूत प्रक्रिया भी : श्वेता दीप्ति

2 October 27, 2016

श्वेता दीप्ति , काठमांडू, २७ अक्टूबर | कल जिसे सर पर चढाया गया था, आज उसे ही उतारने की पुरजोर कोशिश की जा रही है । ये बिल्कुल वैसा ही है जैसा कि अमेरि...

item-thumbnail

“पाकिस्तान भूटान या नेपाल नहीं है” परवेज मुसर्रफ की उक्ति पर नेपाल चुप क्यों : श्वेता दीप्ति

1 October 19, 2016

खुश रहो, क्योंकि उनके जेब भरे हुए हैंश्वेता दीप्ति, १९-०१६,  (सम्पादकीय,अक्टूबर अंक), शारदीय नवरात्र की छटा हर ओर बिखरी है, बाजारों में, मंदिरों में औ...

item-thumbnail

क्या नेपाल चीन का उपनिवेश बनने की तैयारी में है ? श्वेता दीप्ति

1 September 30, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू ,३० सितम्बर | सार्क सम्मेलन को लेकर जो नीति नेपाल की आ रही है कई मायने में यह एक विफल नीति साबित हो सकती है । क्या नेपाल उपनिव...

item-thumbnail

पाकिस्तान से करीबी नेपाल के लिए घातक सिद्ध हो सकती है : श्वेता दीप्ति

0 September 28, 2016

श्वेता दीप्ति , काठमांडू , २८ सितम्बर |  आज जहाँ विश्व का हर देश आतंकवाद के मसले पर एक होता नजर आ रहा है वहीं नेपाल अपनी खामोशी को लेकर कई चिंता को जन...

item-thumbnail

मधेश समस्या, समाधान की प्रतीक्षा में

1 September 18, 2016

संविधान संशोधन की प्रस्तावना पर एमाले का रुख सामने आ चुका है । एमाले संविधान संशोधन के विपक्ष में है और इसी नीति के तहत वो जनता के सामने हाजिर होने वा...

item-thumbnail

आखिर निशाने पर मधेशी नेता ही क्यों है ? -श्वेता दीप्ति

0 September 10, 2016

श्वेता दीप्ति , काठमांडू, १० सेप्टेम्बर | कल रात की दुखद घटना ने देश की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर सवालिया निशान खड़ा कर दिया है । एक वरिष्ठ नेता औ...

item-thumbnail

गृहमंत्री विमलेन्द्र निधि की भारत यात्रा एमाले के निशाने पर : श्वेता दीप्ति

1 August 30, 2016

आज प्रधानमंत्री द्वारा बुलाई गयी बैठक में एमाले का जो रूप प्रस्तुत हुआ है, वह तो होना ही था क्योंकि उनसे सद्भाव या सहमति की अपेक्षा तो नासमझी ही होगी ...

item-thumbnail

मधेशी नेता फिलहाल दोलायमान हैं कि वो किस दिशा में जाएँ: श्वेता दीप्ति

2 August 23, 2016

श्वेता दीप्ति,काठमांडू, २३ अगस्त | वर्तमान  राजनीति में असमंजस की स्थिति बरकरार है । पूर्व प्रधानमंत्री ओली ने जो सपना दिखाया उसे वो पूरा किए बगैर सत्...

item-thumbnail

राष्ट्रवाद का नारा या विकास की राह ? क्या होगी प्रचण्ड नीति:डा. श्वेता दीप्ति

0 August 19, 2016

यही वो समय है, जब मधेश की जनता और मधेश की समस्या के समाधान के साथ अपनी पूर्व पहचान और विश्वास को मधेशी जनता के दिलों में कायम कर सकते हैं । वैसे यह इत...

item-thumbnail

वी.पी. कोइराला फाउन्डेशन द्वारा वेवसाइट उद्घाटन और सारांश पत्रिका का विमोचन

August 5, 2016

  काठमाडौं । भारतीय दूतावास वीपी कोइराला फाउन्डेशन द्वारा वेवसाइट का उद्घाटन और दूतावास समाचार मूलक पत्रिका सारांश का विमोचन किया गया । आज दिनांक ५ अग...

item-thumbnail

भारत की नेपाल नीति बदली या उग्र राष्ट्रीयता का शोर थमा ? डा. श्वेता दीप्ति

August 4, 2016

जहाँ चंद जनता भारत के विरुद्ध खड़ी हो जाती हंै । गालियों की बौछार होती है, नारे लगते हैं और भारत के खिलाफ चाइना कार्ड खेला जाता है । वर्षों से यही होता...

item-thumbnail

मधेश एक मजबूत नेतृत्व की तलाश में है जिसके अन्दर सत्ता की लालसा नहीं हो : श्वेता दीप्ति

August 2, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू , २ अगस्त | प्रचण्ड के प्रधानमंत्री पद की दावेदारी के साथ दिए गए पंजीयन से यह तय हो चुका है कि सत्ता की बागडोर माओवादी अध्यक्ष...

item-thumbnail

तिलाठी कुनौली झगड़ा को राष्ट्रीयता से जोड़ना व भारतीय अतिक्रमण कहना मुर्खता है : जयप्रकाश गुप्ता

August 1, 2016

जयप्रकाश गुप्ता, राजबिराज , १ अगस्त | सप्तरी सीमावर्ती तिलाठी कुनौली क्षेत्र कुछ समय के लिए तनावग्रस्त रहा कारण था कुनौली की ओर से बर्षा के पानी को रो...

item-thumbnail

भारत की जनता जान गई है कि नेपाल भारत के खिलाफ और चाइना के करीब है : अनिल केडिया

July 31, 2016

मेरी नजर में सबसे बड़ी गलती यह रही कि उन्होंने (ओलीजी ने) अपने ही देश के सभी नागरिकों की आकांक्षाओं को नहीं समझा । अपनी ही धरती पर मधेशियों की उपस्थिति...

item-thumbnail

प्रचण्ड की रणनीति बदली, पता चलगया साइकिल की सवारी से देश नही दौड़ेगा: श्वेता दीप्ति

July 26, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू ,२६ जुलाई | परिवर्तन सृष्टि का नियम है । कल, आज और कल में जिन्दगी चलती है । संक्रमणकालीन नेपाल कई वर्षों से सत्ता और सत्तानशीन...

item-thumbnail

छः दिनों में खुद संविधान बनाने वालों ने संविधान की धज्जियाँ उड़ा दी : श्वेता दीप्ति

July 19, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू, १९ जुलाई | एक खूबसूरत देश का एक दुर्भाग्यपूर्ण कल दस्तक दे रहा है । अगर गौर किया जाय तो दुर्भाग्य ने दस्तक उस दिन ही दे दिया ...

item-thumbnail

चीन की धमकी के बावजूद प्रचण्ड ने देउवा से हाथ मिलाया, मधेशी मोर्चा सावधान ! श्वेता दीप्ति

July 12, 2016

श्वेता दीप्ति , काठमांडू ,१२जुलाई | “हम थे जिनके सहारे, वो हुए ना हमारे । डूबी जब दिल की नैया सामने थे किनारे ।” दिल के खेल में तो शायद यह कभी कभार ही...

item-thumbnail

राष्ट्रीय सहमति की सरकार फिलहाल नजर नहीं आ रहा

July 5, 2016

श्वेता दीप्ति, काठमांडू , 5 जून । एकबार फिर बहुमत का मद सर चढ़कर बोलने को तैयार है । बहुमत के इसी नशा ने मौत की कब्र पर संविधान की इबारत लिखी और अब जब ...

1 2 3