Tue. Mar 26th, 2019

हिन्दी के विरोध पर उपेन्द्र यादव ने दिखाया डण्डा, बैद्य हटे एक कदम पिछे ।

radheshyam-money-transfer

२९ सितम्बर । मधेसी जनअधिकार फोरम नेपाल के अध्यक्ष एवम पुर्व परराष्ट्रमन्त्री उपेन्द्र यादव ने कहा है कि हिन्दी नेपालीयों की भी भाषा है अगर नेकपा– माओवादी ने इसके खिलाफ कोइ मुर्खतापूर्ण कम किया तो मधेस की जनता  डणटा लेकर इसका प्रतिकार करेगी ।उन्होनेकहा कि माओवादी व्दारा किया गया स्वाधिनता के नाम पर आन्दोलन पुर्णत: जनता विरोधी आन्दोलन है ऐसा मुर्खतापूर्ण आन्दोलन तुरन्त फिर्ता लेना चहिये । रिपोर्टर्स क्लब नेपाल के अध्यक्ष ऋषि धमला के सभापतित्व मे हुइ साक्षात्कार कार्यक्रम मे यादव ने कहा कि नेपाल और भारत का सम्बन्ध बहुआयमिक है तथा नेपाल मे भी भारतीय नम्बर प्लेट की गाडी का प्रयोग होता है और तराई मे हिन्दी भाषा बोली जाती है इसपर रोक लगाना मधेस पर प्रहार है । उन्हने प्रतिप्रश्न करते हुये कहा कि अगर कल्ह मधेस मे मधेसियो ने नेपाली भाषा की चलचित्र पर रोक लगादेगी तब कया होगा  ? राष्ट्रियता बढेगी या घटेगी यह सोचने की बात है । इससे अगर मधेस मे साम्प्रदायिकता फैली तो उसका  जिम्मेवारी माओवादी माओवादी को लेना पडेगा ।उन्होने कहा कि अगर नेपाल और भारत केसम्बन्ध मे कोइ समस्या है तो उसे कुटनीतिक स्तर पर समाधान करना चहिये ना कि ऐसा मुर्खता पूर्ण आन्दोलन करके ।
प्रधानमन्त्री पत्नी एवम एमाओवादी पोलिटब्यूरो सदस्य हिसिला यमि ने कहा कि चिन और भारत जैसे आर्थिक शक्ति समपन्न राष्ट्र से आर्थिक फायदा लेना चहिय सिनेमा और गाडी रोककर माओवादी पार्टी भी नन ईश्यू पार्टी हो गयी है ।
उनले दुई मुलुकको सम्बन्ध विगार्ने कुनै पनि कार्य सरकारकोलागी स्विकार्य नहुने भन्दै त्यस विरुद्ध सरकारल कडा कारवाही गर्ने चेतावनी दिईन् ।नेकपा एमाले के प्रचार विभाग प्रमुख प्रदिप ज्ञावली ने कहा कि सिनेमा और गाडी रोकने से राष्ट्रीय स्वाधिनता मजबुत नही हो सकती ।

आज रात हिमालय टीवी के आरडी शो में बोलते हुए नेता मोहनवैद्य ने कहा कि वे भारतीय नंबर प्लेटें और हिंदी फिल्मों पर प्रतिबंध केवल नेपाली लोगों के बीच राष्ट्रीय भावनाओं को उत्पन्न करने के लिए घोषणा की है ।
उन्होंने कहा, “हम भारत के खिलाफ नहीं है लेकिन हम विस्तारवाद का विरोध करते हैं । हम सभी विदेशी देशों के साथ अच्छे संबंध स्थापित करना चाहते है ।
मोहान वैद्य ने कहा कि उनकी पार्टी राष्ट्रीय स्वतंत्रता आंदोलन की  समीक्षा करेगी क्योंकि  भारत के साथ और कइ बड़े मुद्दों का हल करना है  ना कि भारतीय वाहनों और हिंदी फिल्मों की ।एक प्रेस विज्ञप्ति जरिय नेकपा माओवादी के प्रवक्ता पम्फा भुसाल ने कहा है कि नेपाल में भारत से दैनिक आवश्यकता की माल ढोने वाली नेपाली वाहनों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए इसका मतलव यह नही है कि भारतीय वाहनों पर प्रतिबंध लगाना ।

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

avatar
  Subscribe  
Notify of