Tue. Nov 13th, 2018

२० वर्ष हाेगी शादी की वैधानिक उम्र

काठमान्डाै ७ अगस्त

अब तक की कानुनी व्यवस्था में बहुविवाह अाैर बालविवाह करने वालाें काे कानुन सजा देती थी किन्तु विवाह रद्द नहीं हाेता था । अब विवाह काे ही   रद्द किया जाएगा  ।

वि.सं. १९१० साल में तत्कालीन श्री ३ प्रधानमन्त्री जंगबहादुर राणा द्वारा बनाए गए मुलुकी ऐन विस्थापित कर भदौ १ से लागू हाे रहे ६ कानुनी संहिता अाैर उससे सम्बन्धी कार्यविधि में बालविवाह अाैर बहुविवाह सम्बन्धी नयी व्यवस्था की गई है ।

सर्वाेच्च अदालत ने उस संहिता के कतिपय प्रावधान संविधान अनुरूप बनाने का आदेश देने के बाद कानुन मन्त्रालय  संशोधन प्रस्ताव मन्त्रिपरिषद में पेश किया गया है । कुछ दिनाें में ही संशोधन प्रस्ताव संसद् में  लैजाने की सरकार की तैयारी है ।

दिवानी अाैर अपराध संहिता में विवाहसम्बन्धी प्रावधान मिलने के बाद सरकार एकरूपता कायम करने के लिए संशोधन प्रस्ताव पेश कर रही है ।   संशोधन के अनुसार अब विवाह करने की न्यूनतम उमर२० वर्ष हाेगी ।

अब तक महिला की १८ अाैर पुरुष की २० वर्ष  विवाह करने की न्यूनतम उमर थी । समाचार कान्तिपुर में प्रकाशित है

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