Sat. Jun 15th, 2024

छिपहरमाई गांवपालिका में करोड़ो का भ्रष्टाचार, स्थानीय आक्रोशित, अख्तियार द्वारा छानबीन

रेयाज आलम | बीरगंज, २९ आषाढ़ :- छिपहरमाई गांवपालिका के निर्वाचित पदाधिकारी तथा प्रमुख कार्यकारी अधिकृत द्वारा अनियमितता के आरोप पर अख्तियार दुरुपयोग अनुसंधान द्वारा छानबीन शुरू।
स्थानीय लोगो के उजुरी के आधार पर अख्तियार दुरुपयोग अनुसन्धान आयोग, हेटौंडा ने प्रारम्भिक रूप से विकास निर्माण में अनियमितता पर छानबिन करने के लिए जिल्ला समन्वय समिति अन्तर्गत जिल्ला प्राविधिक कार्यालय में पत्राचार किया है।
युवा नेता सचिन सिंह ने कहा, की निर्वाचित गांवपालिका अध्यक्ष मनोज गुप्ता और मुुख्य कार्यकारी अधिकृत शिवपूजन साह के साथ अन्य वडाध्यक्षों ने भौतिक पूर्वाधार, सामाजिक विकास, गाडी खरिद तथा अन्य विषयगत योजना में कार्यालय से प्राप्त रकम में व्यापक अनियमितता होने पर स्थानीय लोगों ने उजुरी दिया है।



   चरगाहा के अर्जुन तिवारी ने बताया कि, कर्मचारी तथा निर्वाचित पदाधिकारी द्वारा सामाजिक विकास मार्फ़त रु १ करोड से ज्यादा रकम कमीशन लेकर कुछ संस्था में बाटा गया। लङ्गडी–२ में दर्ता प्रगतिशील युवा क्लब में एकतरफी रूप से ४० लाख से ज्यादा रकम देने का उजुरी में उल्लेख है। कर्मचारी स्रोत के अनुसार भारत से छड, सिमेन्ट खरिद करके नेपाल से नक्कली बिल बनाकर अनियमितता किया गया। प्राविधिक स्रोत के अनुसार उक्त गांवपालिका में व्यापक अनियमितता होने पर छानबिन करने के लिए पत्राचार किया है। गांवपालिका में कार्यरत सबओभरसियर भोला कलवार के मिलीभगत से काम ही नही हुए का मूल्याङ्कन करके भुगतान किया गया, एक कर्मचारी ने बताया।
स्थानीय दीपेन्द्र साह ने बताया कि छिपहरमाई गा.पा.–३ झलमहिया टोल में मा प्रावि भवन निर्माण में २ लाख, छठघाट निर्माण में ४ लाख का भरपाई पेश किया गया है, जहाँ मात्र १ लाख खर्च हुआ है। इस विषय में ओभरसियर कलवार ने कहा कि उन्होंने काम का मूल्याङ्कन किया, बिल भरपाई का काम योजना फाँट का है, नक्कली भ्याट बिल के बारे में योजना फाँट ही बता सकता है।
नेता इंद्रासन साह ने बताया कि, विषयगत कार्यालय अन्तर्गत शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, पर्यटन, पोषण के नाम में रु १ करोड ४७ लाख तालिम भत्ता में दुरुपयोग हुआ है। गाडी खरिद करने में सार्वजनिक सूचना छुपा कर अपने वेबसाइट पर चार महिना के बाद सार्वजनिक करके अनियमितता किया गया। खेलकुद सामग्री, पदाधिकारी भ्रमण, महिला भ्रमण, वाइफाई, अपाङ्ग ह्वीलचेयर, मैनबत्ती, अगरबत्ती, बेमौसमी धूपबत्ती, मूर्तिकला, ब्युटिसियन, महिला हिंसा, एचआइभी, मानव तस्करी, बालबालिका, कम्प्युटर, मोबाइल मरम्मत, बैग बनाने, फर्निचर, होम वायरिंग, मूढा बनाने, सरसफाइ, इन्भर्टर, कृषि युवा स्वरोजगार, साबुन, फर्निचर बनाने जैसे विकास कार्य में रु ९ करोड ६० लाख खर्च हुआ है, जिसमे बहुत सारे कार्यक्रम मात्र कागज में सीमित रहे।
यह भी पढें   सन्त निरंकारी मण्डल, नेपालगञ्ज द्वारा निःशुल्क ठंढा पानी वितरण
नेता इंद्रासन साह ने गा. पा. का कच्चा-चिट्ठा खोलते हुए बताया कि, सड़क पक्कीकरण के काम मे ओपीसी सीमेंट के बदले भारतीय पीपीसी सीमेंट का प्रयोग किया गया है। कबाड़ से पुराना छड़ लाकर २५ इंच के दूरी पर जाली लगाया गया है। जहाँ ४ इंच तक ग्रेवल बिछा के ढलाई करना था वही बिना ग्रेवल बिछाए ही ढलाई हुआ है, ढलाई में ४-१ के जगह पर ८-१ का मसाला लगाया गया है। ढलाई में बीच की ऊँचाई मात्र २ इंच रखा गया है।
छिपहरमाई गांवपालिक में प्रमुख और अधिकृत ने काम देने के बदले २५% कमीशन लिया है, जिसमें भलुही के रहमान मियां, मिर्जापुर के ठग, अवधेश, चरगाहा के प्रेमी और ओमप्रकाश से कमिसन के लिए भुगतान का चेक रोक दिया गया है, चेक भी उसी शर्त पर दिया जा रहा है कि चेक के साथ प्रमुख का आदमी जाएगा और चेक का भुगतान होते ही वही पिसी ले लिया जाए। नेता इन्द्रासन साह ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि इस व्यापक भ्रष्टाचार पर कार्यवाही नही होती तो छिपहरमाई गांवपालिका में तालाबन्दी करके आंदोलन किया जाएगा।



About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Loading...
%d bloggers like this: