निवेश के लिए अनुकूल वातावरण का अभाव – राष्ट्र बैंक के कार्यकारी निदेशकों की वित्त मंत्री को रिपोर्ट
काठमांडू, 5 अगस्त 2026 (२० साउन २०८३)। नेपाल की अर्थव्यवस्था को गतिशील बनाने और बैंकिंग क्षेत्र की वर्तमान चुनौतियों को समझने के लिए, वित्त मंत्री डॉ. स्वर्णिम वाग्ले ने बुधवार को नेपाल राष्ट्र बैंक (NRB) के कार्यकारी निदेशकों और विशिष्ट श्रेणी के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की।
इस बैठक के दौरान देश के आर्थिक हालात और बाजार में ऋण की कमी को लेकर निम्नलिखित मुख्य बातें सामने आईं:
1. निवेश के वातावरण की कमी:
राष्ट्र बैंक के कार्यकारी निदेशकों ने वित्त मंत्री को स्पष्ट रूप से बताया कि वर्तमान में देश के भीतर निवेश के लिए अनुकूल वातावरण नहीं है। यही सबसे बड़ा कारण है कि तरलता (Liquidity) होने के बावजूद बैंकिंग क्षेत्र में कर्जे (Loan) की मांग नहीं बढ़ रही है।
2. उद्योगपतियों और व्यवसायियों का कमजोर मनोबल:
अधिकारियों ने बैठक में इस बात पर जोर दिया कि बाजार में निराशा का माहौल है। उद्योगपतियों और व्यवसायियों का मनोबल कमजोर हो चुका है, जिसके कारण वे नए प्रोजेक्ट्स में निवेश करने या बैंक से ऋण लेने में कतरा रहे हैं।
3. वित्त मंत्री का दृष्टिकोण और नीतिगत सुधार की मांग:
अधिकारियों की चिंताओं को सुनने के बाद, वित्त मंत्री डॉ. स्वर्णिम वाग्ले ने कहा कि अर्थव्यवस्था में जोखिम हमेशा होते हैं, लेकिन ‘जोखिम है’ यह सोचकर हमें नए अवसरों को नहीं खोना चाहिए। उन्होंने राष्ट्र बैंक के अधिकारियों से आग्रह किया कि वे वर्तमान स्थिति से उबरने और नीतिगत सुधार (Policy Reforms) के लिए अपने ठोस सुझाव प्रस्तुत करें ताकि निवेश का माहौल फिर से बनाया जा सके।
निष्कर्ष:
यह बैठक स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि नेपाल का बैंकिंग और व्यावसायिक क्षेत्र वर्तमान में विश्वास की कमी से जूझ रहा है। वित्त मंत्रालय और राष्ट्र बैंक को मिलकर ऐसे नीतिगत कदम उठाने होंगे जिससे व्यवसायियों का मनोबल वापस लौटे और देश में कर्ज का प्रवाह व निवेश बढ़ सके।


