Fri. Sep 20th, 2019

साहित्य

पूर्व प्रधानमन्त्री चन्द रचित पुस्तक ‘स्पिरिङः एन अडिप्ट डिरेक्टर’ लोकार्पण

काठमांडू, ३१ अगस्त । पूर्व प्रधानमन्त्री लोकेन्द्र बहादुर चन्द की पिछली साहित्यिक कृति की अंग्रेजी

श्री लूनकरणदास गंगादेवी चौधरी साहित्यकला मन्दिर द्वारा काठमान्डाै मुशायरा का आयाेजन

२३ अगस्त, काठमांडू । श्री लूनकरणदास गंगादेवी चौधरी साहित्यकला मन्दिर द्वारा आज काठमान्डाै में मुशायरा

गिरा मैं कहीं तो अकेले में रोया, गया दर्द से घाव भर धीरे-धीरे : राम दरश मिश्र

बनाया है मैंने ये घर धीरे-धीरे, खुले मेरे ख़्वाबों के पर धीरे-धीरे। किसी को गिराया

छा रहा है सारी बस्ती में अँधेरा रौशनी को, घर जलाना चाहता हूँ : क़तील शिफ़ाई

अपने होंटों पर सजाना चाहता हूँ आ तुझे मैं गुनगुनाना चाहता हूँ कोई आँसू तेरे

मीरा की भक्ति भावना : उर्मिला सिंह

हिमालिनी अंक मई २०१९ |‘सन्तोऽनपेक्षा मच्चिताः प्रशान्ताः समदर्शिताः । निर्ममा निरहांकारा निद्र्वन्द्वा निष्परिग्रहाः ।। ’ अर्थात जिनमें

नेपालगन्ज में उर्दू साहित्यकारों द्वारा गजल गोष्ठी का आयोजन

नेपालगन्ज,(बाँके) पवन जायसवाल । बाँके जिला के नेपालगन्ज में उर्दू साहित्यकारों द्वारा गजल गोष्ठी किया

लीलाध्वज थापा साहित्यप्रतिष्ठान द्वारा इस बार का साहित्य सम्मान वरिष्ठ कवि तुलसी दिवस काे

  लीलाध्वज थापा साहित्य प्रतिष्ठान ने इस वर्ष का साहित्य सम्मान वरिष्ठ कवि तुलसी दिवस

बाबा नागार्जुन भारतीय मिट्टी के आधुनिक कवि

जन्मदिन विशेष डा‍ श्वेता दीप्ति हिन्दी के आधुनिक कबीर नागार्जुन की कविता के बारे में

गुल्जारे अदब बाँके द्वारा शुभकामना अदन प्रदान और गजल गोष्ठी

नेपालगन्ज,(बाँके) पवन जायसवाल । बाँके जिला के नेपालगन्ज में रहें उर्दू साहित्यकारों द्वारा नेपालगन्ज में

नेपाल भारत साहित्य संगोष्ठी का आयोजन, भारत से दर्जनों कवियों की सहभागिता

माला मिश्रा, बिराटनगर । नेपाल भारत मैत्री संघ बिराटनगर व जगन्नाथ गुरागाई साहित्य प्रतिष्ठान के

हे पार्थ ! मोह तजो गाण्डीव उठाओ……….प्रदीप बहराइची 

हे पार्थ ! मोह तजो गाण्डीव उठाओ………. प्रदीप बहराइची भय- पाप से व्याकुल धरती,अपनी धुरी

दिलीपदर्श की तीन गज़लें कत्ल होता चौक पे सच के सिपाही का। उधर गाता राग कातिल बेगुनाही का।   शब्द कल

स्त्री विमर्श के क्षेत्र में महिला लेखिकाएँ : मौसमी सिंह

हिमालिनी, अंक मार्च 2019 | स्त्री विमर्शः एक नारीवादी सिद्धान्त है । जिसके द्वारा स्त्री की

हिंदी साहित्य के पुरोधा आचार्य हजारी प्रसाद द्विवेदी

पुण्यतिथि विशेष 19 मई हिंदी साहित्य के पुरोधा आचार्य हजारी प्रसाद द्विवेदी का हिन्दी साहित्य

मुझे आज साहिल पे रोने भी दो कि तूफ़ान में मुस्कुराना भी है : मजाज़

असरारुल हक मजाज़ या मजाज़ लखनवी (जन्म: 19 अक्तूबर 1911—देहांत: 5 दिसंबर 1955) तत्कालीन साहित्य