संविधान संशोधन के विषय में भारत की स्थिति एक ही है और स्पष्ट है : एस जयशंकर
नई दिल्ली | नेपाल के प्रधानमंत्री अपनी पाँच दिवसीय भारत यात्रा पर हैं । इसी क्रम में आयाजित पत्रकार सम्मेलन में भारतीय विदेश सचिव एस जयशंकर ने कहा है कि संविधान संशोधन के विषय में भारत की स्थिति एक ही है और स्पष्ट है । भारत का मानना है कि समाज के सभी क्षेत्रों को समेट कर आगे बढने की कोशिश नेपाल को जारी रखनी चाहिए । उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री देउवा ने भी इसपर अपनी धारणा शेयर की है । उन्होंने कहा कि संविधान कार्यान्वयन में बृहत सहभागिता ही उसे स्थिरता और नेपाल को समृद्धि प्रदान कर सकती है । खबर आइ थी कि डोकलाम विवाद पर भारत ने नेपाल से सहयोग की अपेक्षा की थी परन्तु भारतीय विदेश सचिव का कहना था कि इस विषय पर कोई बात नहीं हुई है । उनका कहना था कि कालापानी के विषय में जरुर बात हमने करनी चाही पर प्रधानमंत्री की तरफ से कोइ जवाब नहीं आया । सार्क के विषय में बात चीत की अपेक्षा थी किन्तु इस विषय पर भी कोई बात नहीं हो पाई है । बाढ के विषय में बात होने की उन्होंने चर्चा की और कहा कि इस पर नियंत्रण के लिए और दीर्घकालीन समाधान के लिए परस्पर सहयोग की अपेक्षा है क्योंकि बाढ से बिहार और नेपाल दोनों पीडित हैं । सुरक्षा और डिफेन्स के विषय में विस्तृत बातचीत होने की उन्होंने चर्चा की और कहा कि खुली सीमा होने के कारण सतर्कता आवश्यक है । जयशंकर ने नेपाल की सुरक्षा निकाय की क्षमता अभिवृद्धि पर बल दिया ।


