रास्वपा महाधिवेशन आज से शुरु, उद्घाटन सभापति लामिछाने और प्रधानमंत्री बालेन करेंगे
काठमांडू, आषाढ़ ७ – राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (रास्वपा) का पहला महाधिवेशन आज से शुरु हो रहा है । पार्टी स्थापना के लगभग ४ वर्ष के बाद रास्वपा आज अपना पहला महाधिवेशन करने जा रही है । चितवन के गेस्ट हाउस के मैदान में आज दोपहर १ बजे महाधिवेशन का उद्घाटन किया जाएगा । महाधिवेशन का उद्घाटन सभापति रवि लामिछाने और प्रधानमंत्री समेत रहे पार्टी के वरिष्ठ नेता बालेन शाह करेंगे । उद्घाटन समारोह में रास्वपा ने अन्य दलों को भी आमंत्रित किया है । नेपाली कांग्रेस, नेकपा एमाले, नेपाली कम्युनिस्ट पार्टी, श्रम संस्कृति पार्टी, राष्ट्रीय प्रजातन्त्र पार्टी (राप्रपा) के साथ ही अन्य दलों के प्रतिनिधियों द्वारा शुभकामना मंतव्य दिए जाएंगे । उद्घाटन समारोह के बाद बंद सत्र शुरु होगा । बंद सत्र का कार्यक्रम चितवन प्रदर्शनी केन्द्र में रखा गया है ।
महाधिवेशन में ३ हजार ९१८ प्रतिनिधि होंगे । रास्वपा पार्टी सदस्यों की संख्या पाँच लाख पहुँच चुकी है । सचिवालय सदस्य हरि ढकाल के अनुसार ६१० पालिका में अधिवेशन सम्पन्न हो चुका है । चार हजार ६३ वडा में अधिवेशन किए गए हैं । स्थापना के चार वर्ष के भीतर ही रास्वपा ने लगभग दो तिहाई मत प्राप्त किया । ग्यालेक्सी फोर के टेलीविजन छोड़कर रवि लामिछाने ने २०७९ आषाढ़ ७ गते रास्वपा का गठन किया था ।
उसी वर्ष मंसिर में हुए प्रतिनिधि सभा निर्वाचन से रास्वपा ने २० सीटें प्राप्त की थी । रास्वपा २० सीटें प्राप्त कर चौथी सबसे बड़ी दल भी बनी । उस समय रवि लामिछाने उप प्रधानमंत्री और गृहमंत्री भी बने थे ।
लेकिन अमेरिकी नागरिकता त्यागने के बाद नेपाली नागरिकता को पुनः प्राप्त करने के लिए कानून अनुसार प्रक्रिया पूरा नहीं करने का आरोप लगा । वो २०७९ माघ १३ को पदमुक्त हुए थे । इसके बाद पुनः चितवन–२ से प्रतिनिधिसभा में निर्वाचित हुए और एक वर्ष के बाद दूसरी बार गृहमंत्री बने ।
बाद में एमाले और कांग्रेस ने मिलकर सरकार बनाई जिसमें रास्वपा सहभागी नहीं हुई । उसके बाद रवि सहकारी धोखादड़ी मुद्दें में गिरफ्तार हुए । उसी आरोप में वो नख्खु कारागार में थे । लेकिन गत वर्ष का भाद्र में हुए जेन जी आन्दोलन के क्रम में वो जेल से बाहर निकलें । उसके बाद गत पुष में उच्च अदालत बुटवल से वो जमानत पर रिहा हुए । जेन जी विद्रोह और बालेन शाह का रास्वपा में प्रवेश करना दोनों ही चुनाव में एक अलग ही रंग लाया । रास्वपा चुनाव में असाधारण मत लाने में सफल रही ।
इसी बीच विभिन्न पार्टियां भी रास्वपा में समाहित हुई हैं । विवेकशील साझा, थारूहट आन्दोलन, खगेन्द्र सुनार की हाम्रो नेपाल पार्टी चुनाव से पहले ही रास्वपा में समाहित हो चुकी थी ।
इस तरह विभिन्न उतार चढ़ावपूर्ण यात्रा करते हुए रास्वपा २ वर्ष देर से महाधिवेशन करने जा रही है ।


