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गणपति के ये अाठ अंग देते हैं हमें ये शिक्षा

 
२ सितम्बर
प्रथम पूज्‍य गणपति के आठ मुख्‍य प्रतीक है और ये हमें अलग अलग शिक्षा देते हैं। आइये जाने क्‍या हैं ये सीख।

1- विशाल मस्‍तक

जो हमें सिखाता है लीक से हट कर कुछ अलग सोचना और नया करना चाहिए।

 

2-विशाल आखें

ये बताती है जो दिख रहा उसके परे सत्‍य को देखना चाहिए। यानि सच केवल वो ही नहीं होता जो आंखों के सामने दिखता है।

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3-  विशाल कान 

ये कहते हैं कि सबकी सुनो और उसे समझो और हमेशा सर्तक रह कर हर धीमी से धीमी आवाज पर भी ध्‍यान दो। कोई भी बात आधी या अनसुनी मत रहने दो।

 

4- टूटा दांत 

त्‍याग ही सबसे बड़ी बुद्धिमत्‍ता है ये सिखाते हैं एकदंत।

 

5- कुल्‍हाड़ी 

ये इस बात की प्रतीक है कि हमें भौतिकता से जुड़े हर बंधन को काटना होगा, तभी ईश्‍वर की प्राप्‍ति होगी।

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6-  लड्डू

गणपति को मोदक प्रिय हैं जो ये कहते हैं कि परिश्रम का फल ही मीठा होता है।

 

7- विशाल उदर 

ये हमें हर परस्‍थिति में अच्‍छे बुरे को पचाने और उचित आचरण करने की शिक्षा देता है।

 

8- मूषक 

गणपति का वाहन मूषक इस बात का प्रतीक है कि वे हमारे मस्‍तिष्‍क के कोने कोने में पल रही हर अच्‍छी बुरी बात को जानते हैं इसलिए सोच हमेशा पवित्र होनी चाहिए।

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साभार दैनिक जागरण

 molly.seth  

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