एनपीएल में सुदूरपश्चिम रॉयल्स की दमदार वापसी, पोखरा एवेंजर्स को 6 विकेट से हराया
दीपेन्द्र सिंह ऐरी और ईशान पांडे के बीच 74 रनों की साझेदारी ने दिलाई जीत; कप्तान ऐरी ने खेली नाबाद अर्धशतकीय पारी
काठमांडू, 28 अक्टूबर। नेपाल प्रीमियर लीग (एनपीएल) टी-20 क्रिकेट में सुदूरपश्चिम रॉयल्स ने शानदार वापसी करते हुए पोखरा एवेंजर्स को छह विकेट से हरा दिया। कीर्तिपुर स्थित त्रिभुवन विश्वविद्यालय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैदान पर खेले गए मुकाबले में सुदूरपश्चिम ने पोखरा द्वारा दिए गए 146 रनों के लक्ष्य को 16.5 ओवर में चार विकेट खोकर हासिल कर लिया।
सुदूरपश्चिम की जीत के नायक कप्तान दीपेन्द्र सिंह ऐरी और ईशान पांडे रहे। दोनों बल्लेबाजों ने तीसरे विकेट के लिए नौ ओवर में 74 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी कर टीम को संकट से बाहर निकाला और जीत की राह आसान की। दीपेन्द्र 51 रन बनाकर नाबाद लौटे, जबकि ईशान ने 37 रनों की उपयोगी पारी खेली।
टूर्नामेंट के पहले मुकाबले में लुंबिनी लायन्स के हाथों सात विकेट से हार झेलने वाली सुदूरपश्चिम रॉयल्स के लिए यह जीत बेहद महत्वपूर्ण रही। दूसरी ओर, पोखरा एवेंजर्स को अपने पहले ही मैच में हार का सामना करना पड़ा।
दीपेन्द्र और ईशान ने संभाली पारी
146 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी सुदूरपश्चिम की शुरुआत अच्छी नहीं रही। सलामी बल्लेबाज विनोद भंडारी ने पहली गेंद पर चौका लगाया, लेकिन अगली ही गेंद पर बोल्ड होकर पवेलियन लौट गए।
स्कॉटिश बल्लेबाज स्कॉट मैकमुलन ने 12 गेंदों में दो चौकों और एक छक्के की मदद से 22 रन बनाए। हालांकि, वह शाकिब अल हसन की गेंद पर एलबीडब्ल्यू आउट हो गए। सलामी बल्लेबाज सैफ जैब भी 15 रन बनाकर रन आउट हो गए। शुरुआती झटकों के कारण सुदूरपश्चिम दबाव में आ गई थी।
ऐसे समय में कप्तान दीपेन्द्र सिंह ऐरी और ईशान पांडे ने जिम्मेदारी संभाली। दोनों ने संयम और आक्रामकता का बेहतरीन संतुलन दिखाते हुए रन गति बनाए रखी। ईशान ने 31 गेंदों में दो चौकों और दो छक्कों के साथ 37 रन बनाए।
ईशान के आउट होने के बाद शेरफेन रदरफोर्ड ने आते ही माहेदी हसन की गेंद पर छक्का जड़कर अपने इरादे स्पष्ट कर दिए। वह चार गेंदों में आठ रन बनाकर नाबाद रहे।
दूसरे छोर पर टिके दीपेन्द्र ने 36 गेंदों में चार चौकों और दो छक्कों की मदद से नाबाद 51 रन बनाए। उन्होंने कप्तान कुशल भुर्तेल की गेंद पर छक्का लगाकर अपना अर्धशतक पूरा किया और इसी आक्रामक अंदाज में विजयी रन भी हासिल किए। शानदार प्रदर्शन के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
पोखरा की ओर से धनंजय लक्षन, माहेदी हसन और शाकिब अल हसन ने एक-एक विकेट लिया।
पोखरा ने बनाए 145 रन
इससे पहले टॉस हारकर बल्लेबाजी करने उतरी पोखरा एवेंजर्स ने निर्धारित 20 ओवर में सात विकेट के नुकसान पर 145 रन बनाए। टीम की ओर से बांग्लादेशी बल्लेबाज माहेदी हसन ने 21 गेंदों में चार चौकों और एक छक्के की मदद से 32 रन बनाए।
हालांकि, उनके सलामी जोड़ीदार दिनेश खरेल सात गेंदों में केवल चार रन बनाकर आउट हो गए। तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने आए कप्तान कुशल भुर्तेल ने 17 गेंदों में दो चौकों की सहायता से 21 रन जोड़े।
बांग्लादेश के पूर्व कप्तान शाकिब अल हसन ने 16 गेंदों में एक चौके के साथ 14 रन बनाए। सदीरा समरविक्रमा आठ रन, धनंजय लक्षन 11 रन और किरण ठगुन्ना एक रन बनाकर आउट हुए।
मध्यक्रम में अर्जुन घर्तीमगर ने उपयोगी योगदान दिया। उन्होंने पारी के अंतिम ओवर में न्यूजीलैंड के गेंदबाज स्कॉट कुग्लेन के खिलाफ दो चौके और एक छक्का लगाया। अर्जुन 25 गेंदों में 24 रन बनाकर नाबाद रहे, जबकि विपिन खत्री पांच रन बनाकर नाबाद लौटे।
पोखरा की पारी में माहेदी हसन और अर्जुन घर्तीमगर के योगदान ने टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया, लेकिन 145 रन सुदूरपश्चिम के मजबूत बल्लेबाजी क्रम को रोकने के लिए पर्याप्त साबित नहीं हुए।
अनिल खरेल की प्रभावी गेंदबाजी
सुदूरपश्चिम रॉयल्स की ओर से अनिल खरेल ने शानदार गेंदबाजी करते हुए तीन विकेट हासिल किए। उन्होंने तीन ओवर में केवल 23 रन खर्च किए और पोखरा की बल्लेबाजी को झटके दिए।
स्कॉट कुग्लेन, हेमंत धामी और दीपेन्द्र सिंह ऐरी ने भी एक-एक विकेट लिया। गेंदबाजों ने पोखरा को बड़े स्कोर तक पहुंचने से रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
खिताब की दौड़ में सुदूरपश्चिम की नजर
सुदूरपश्चिम रॉयल्स नेपाल प्रीमियर लीग के पिछले दोनों संस्करणों के फाइनल में पहुंची थी, लेकिन अब तक खिताब जीतने में सफल नहीं हो सकी है। इस बार टीम की नजर बेहतर शुरुआत और खिताब हासिल करने पर होगी। शुरुआती हार के बाद पोखरा के खिलाफ मिली यह जीत टीम का आत्मविश्वास बढ़ाएगी।
दूसरी ओर, पोखरा एवेंजर्स पिछले दोनों संस्करणों में प्लेऑफ तक पहुंचने में असफल रही थी। इस मुकाबले में भी टीम को जीत नहीं मिली, ऐसे में आगामी मैचों में उसे अपनी बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में सुधार करना होगा।
सुदूरपश्चिम की इस जीत ने एक बार फिर साबित किया कि टी-20 क्रिकेट में शुरुआती झटकों के बावजूद मजबूत साझेदारी मैच का रुख बदल सकती है। दीपेन्द्र ऐरी की कप्तानी पारी और ईशान पांडे के साथ उनकी निर्णायक साझेदारी ने रॉयल्स को टूर्नामेंट में जीत की राह पर लौटा दिया।


