भारत के सहयाेग से बनने वाली जलविद्युत परियाेजना के दफ्तर में बम विस्फाेट । भारतीय प्रधानमंत्री माेदी ११ मई काे करने वाले हैं शिलान्यास
काठमांडू, २९ अप्रैल
पूर्वी नेपाल में भारत के सहयोग से बन रही जलविद्युत परियोजना के दफ्तर में रविवार को बम विस्फोट होने की खबर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी११ मई को इस परियोजना का शिलान्यास करने वाले हैं। नौ सौ मेगावाट की अरुण-३ जलविद्युत परियोजना यहां से करीब ५०० किलोमीटर की दूरी पर कुमलिंगटार इलाके में है।
संखुवासभा जिले के मुख्य जिलाधिकारी शिव राज जोशी ने बताया कि धमाके से परियोजना कार्यालय की दीवार क्षतिग्रस्त हो गई। उन्होंने कहा कि विस्फोट से किसी को नुकसान नहीं पहुंचा है। घटना की जांच शुरू कर दी गई है। अब तक किसी ने विस्फोट की जिम्मेदारी नहीं ली है। धमाका ऐसे समय में हुआ, जब परियोजना के शिलान्यास की तैयारी चल रही है।
परियोजना के २०२० तक पूरी होने की उम्मीद है। अरुण-३ के लिए २५ नवंबर २०१४ को भारत की सरकारी कंपनी सतलज जलविद्युत निगम (एसजेवीएन) के साथ परियोजना विकास समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी और नेपाल के तत्कालीन प्रधानमंत्री सुशील कोइराला मौजूद थे।
एक महीने के भीतर नेपाल में भारतीय संपत्ति पर विस्फोट की यह दूसरी घटना है। इससे पहले १७ अप्रैल को बिराटनगर में भारतीय दूतावास के क्षेत्रीय कार्यालय के नजदीक प्रेशर कुकर बम विस्फोट हुआ था। इससे कार्यालय परिसर की दीवार क्षतिग्रस्त हो गई थी।
इस जलविद्युत परियोजना से होने वाला उत्पादन मुख्य रूप से नेपाल की घरेलू मांग को पूरा करेगा। परियोजना से नेपाल में १.५ अरब डॉलर (१००५९ करोड़ रुपये) प्रत्यक्ष विदेशी निवेश और हजारों लोगों के लिए रोजगार सृजन की उम्मीद है।
स्राेत : दैनिक जागरण


