प्रधानमन्त्री ओली संघीयता और गणतन्त्र के विरोधी हैंः नेपाल

काठमांडू, १९ जनवरी । नेकपा (प्रचण्ड–माधव समूह) के नेता माधव कुमार नेपाल ने दावा किया है कि प्रधानमन्त्री केपीशर्मा ओली संघीयता और गणतन्त्र विरोधी हैं । उन्होंने यह भी कहा है कि वह नकली एमाले हैं और प्रतिगमनकारी के मतियार भी हैं । खूद को असली एमाले दावी करते हुए उन्होंने ऐसा दावा किया है ।
नेकपा निकट प्रेस संगठन की राष्ट्रीय भेला को मंगलबार काठमांडू में सम्बोधन करते हूए नेता नेपाल ने कहा– ‘प्रधानमन्त्री ओली आज खूद को असली एमाले दावा कर भ्रम सिर्जना कर रहे हैं । असली एमाले माधव नेपाल हैं, केपी ओली नहीं हैं ।’ उन्होंने यह भी कहा है कि आज के दिन एमाले और माओवादी नहीं है, नेकपा है । आगे कहा– ‘लेकिन आज सब एक हो चुके हैं, नेकपा बन चुके हैं ।’
पूर्व प्रधानमन्त्री भी रहे नेता नेपाल ने दावा किया है कि प्रधानमन्त्री केपीशर्मा ओली संघीयता और गणतन्त्र के भी विरोधी हैं । उन्होंने आगे कहा– ‘आप लोग निश्चित रहिए, केपी ओली प्रतिगमन के मतियार हैं, अग्रकमनकारी नहीं हैं । उनमे एकलवाद, अहंकारवाद और दम्भ है, जिसके चलते असंवैधानिक कदम अख्तियार किया है, जिसके विरुद्ध आज पूरा देश आन्दोलित है ।’
नेता नेपाल का यह भी आरोप है कि ओली हरदम प्रधानमन्त्री पद में बने रहना चाहते हैं और उनमें गुटवादी और अलोकतान्त्रिक संस्कार है, जिसके चलते वह हरदम भ्रम सिर्जना करते रहते हैं ।

