Wed. Jul 1st, 2026
English मे देखने के लिए क्लिक करें

अफगानिस्तान : नॉर्दर्न अलायंस ने ट्विटर पर 350 तालिबानी लड़ाके को मार गिराने को दावा किया

 

अमेरिका की वापसी के बाद अफगानिस्तान के पंजशीर प्रांत में तालिबान और नॉर्दर्न अलायंस के बीच जंग तेज हो गई है। पंजशीर में दाखिल होने की कोशिश कर रहे तालिबान को बड़ा झटका लगा है और उसके सैकड़ों लड़ाके मारे गए हैं। अहमद मसूद के नेतृत्व वाले नॉर्दर्न अलायंस ने ट्विटर पर 350 तालिबानी लड़ाके को मार गिराने को दावा किया है। उधर, तालिबान ने बुधवार को कहा कि पंजशीर प्रांत के नेताओं के साथ बातचीत विफल हो गई है। अफगानिस्तान में पंजशीर एक मात्र प्रांत है, जो अब भी तालिबान के नियंत्रण से मुक्त है।

यह भी पढें   नेपाल की प्रतिनिधि सभा की बैठक एक बार फिर स्थगित

नॉर्दर्न अलायंस ने ट्वीट कर 350 तालिबानियों के मारने का दावा किया है। नॉर्दर्न अलायंस ने कहा, ‘बीती रात खावक इलाके में हमला करने आए तालिबान के 350 लड़ाकों को मार गिराया है, जबकि 40 से ज्यादा पकड़े गए हैं और उन्हें कैद किया गया है। इस दौरान एनआरएफ को कई अमेरिकी वाहन, हथियार और गोला-बारूद मिले हैं।’ वहीं, एक स्थानीय पत्रकार नातिक मालिकज़ादा द्वारा किए गए ट्वीट के मुताबिक, अफगानिस्तान के पंजशीर के एंट्रेंस पर गुलबहार इलाके में तालिबान लड़ाकों और नॉर्दर्न अलायंस के लड़ाकों के बीच मुठभेड़ हुई है।

अफगानिस्तान के खामा प्रेस ने बताया कि तालिबान के मार्गदर्शन और प्रोत्साहन आयोग के प्रमुख मुल्ला अमीर खान मोतकी ने कहा कि पंजशीर प्रांत के नेताओं के साथ बातचीत विफल रही। हालांकि, उन्होंने प्रांत के लोगों से अपने नेताओं को प्रेरित की अपील की है, जिससे कि दोनों के बीच समझौता हो सके। पंजशीर घाटी काबुल से लगभग 90 मील उत्तर हिंदू कुश पहाड़ों में स्थित है। अफगानिस्तान के प्रमुख टीवी चैनल टोलो न्यूज ने बताया है कि तालिबानी नेता आमिर खान मुताकी ने पंजशीर के लोगों को एक रिकॉर्ड किया हुआ संदेश भेजकर इस्लामिक अमीरात में शामिल होने की अपील की है। मुताकी के मुताबिक पंजशीर समस्या’ के समाधान के लिए बीतचीत हुई है।

यह भी पढें   भूटान के गृह मंत्री लियोन्पो छिरिंग ने लुंबिनी स्थित मायादेवी मंदिर का दर्शन किया

पंजशीर घाटी में अफगानिस्तान के कार्यवाहक राष्ट्रपति अमरुल्लाह सालेह भी मौजूद हैं जिन्होंने तालिबान को अफगानिस्तान से उखाड़ फेंकने की कसम खाई हुई है। इसके साथ ही अहमद शाह मसूद के बेटे अहमद मसूद भी यहीं हैं और उन्होंने कहा है कि मैं अहमद शाह मसूद का बेटा हूं। मेरी डिक्शनरी में सरेंडर जैसा कोई शब्द नहीं है। तो ऐसे में तालिबान के लिए पंजशीर घाटी पर नियंत्रण बेहद मुश्किल होने वाला है।

यह भी पढें   सनातन हिंदू परंपरा के अनुसार 11 बिपन्न संथाल जोड़े का सामूहिक विवाह

 

About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may missed