Wed. Aug 5th, 2026
English मे देखने के लिए क्लिक करें

मिथिलांचल सहित तराई–मधेश क्षेत्र में श्रद्धा, भक्ति एवं नियम निष्ठा के साथ मनाया चौरचन पर्व

 


हिमालिनी डेस्क
काठमांडू, २६ अगस्त ।
मिथिलांचल समेत तराई–मधेश क्षेत्र में श्रद्धा, भक्ति एवं नियम निष्ठा के साथ चौरचन यानी चौठचंद्र पर्व मनाया गया । भाद्र शुक्ल चौठ को मनाए जाने वाले इस पर्व में शाम को व्रती के द्वारा उगते चाँद की पूजा करने की प्रथा है ।

इस पर्व में गाय के गोबर से लिपे हुए आंगन में अरिपन की रंगोली बनाकर तराई–मधेश के विशेष पकवान दालपूरी, खीर, खजुरिया, गोझिया, फल, मिठाई आदि प्रसाद अर्पण के साथ चंद्रमा की पूजा अर्चना की जाती है ।

यह भी पढें   आज का पंचांग: आज दिनांक 2 अगस्त 2026 रविवार शुभसंवत् 2083

इस व्रत और पूजा उपासना से मिथ्या कलंक से मुक्ति, सुख, शांति समृद्धि आदि फल प्राप्त होने का जन विश्वास है । विघ्नहर्ता गणेश की विधिपूर्वक पूजा अर्चना के साथ देश भर गणेश चौठ मनाया गया ।

भाद्र शुक्ल चौठ तिथि को गणेश चतुर्थी के नाम से भी जाना जाता है और आज से शुरू हुई भगवान गणेश की पूजा अर्चना तीन दिनों तक की जाती है ।

 

About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

WP2Social Auto Publish Powered By : XYZScripts.com