भारत नेपाल का रिश्ता अटूट एवम् रामायण काल से है : रेणु यादव
जनकपुरधाम /मिश्री लाल मधुकर। भारत नेपाल का रिश्ता रामायण काल से चली आ रही है। इस रिश्ते को कोई तोड़ नही सकता है। उपयुक्त बातें नेपाल सरकार के भौतिक पूर्वाधार तथा यातायात मंत्री रेणु यादव ने 2अप्रैल को जनकपुरधाम रेलवे स्टेशन परिसर में भारतीय प्रधानमंत्री मोदी तथा देउवा द्वारा नयी दिल्ली में जयनगर जनकपुर कुर्था तक रेलवे का वर्चुअल उद्घाटन के वाद उद्घाटन समि में कहीं। उन्होंने कहा कि नेपाल का दुनिया के विभिन्न देशों से मित्रता है लेकिन भारत के साथ रिश्ता है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार नेपाल को परिवहन, उर्जा, शिक्षा, स्वास्थ्य जैसी मूलभूत कार्यो में सहयोग कर रही है। उन्होंने कहा कि वहुत जल्द ही वर्दीवास तक रेल चलेगी। उन्होंने कहा भारत सरकार द्वारा वीरगंज से काठमांडू तक भी निकट भविष्य में रेल सेवा सुचारू होगा। उन्होंने कहा कि रेल सेवा संचालन होने से मधेश तथा विहार का रिश्ता और मजवूती होगा।
मधेश प्रदेश के मुख्यमंत्री मो. लाल बाबू राउत ने कहा कि नेपाल का एक मात्र मधेश प्रदेश है जहां रेलवे की शुरुआत हुयी है। इससे मधेश प्रदेश का कायाकल्प होगा। व्यापार तथा पर्यटक में वृद्धि होगी।
नेपाल स्थित भारतीय कार्यवाहक राजदूत नामग्या खम्पा ने कहा कि भारत नेपाल को रेलवे, पोस्टल सड़क, उर्जा तथा टेलीकॉम , स्वास्थ्य, शिक्षा में अरवो रुपये का सहयोग किया है तथा यह सहयोग निरंतर जारी रहेगा।
भौतिक पूर्वाधार तथा यातायात मंत्रालय के निमित सचिव केशव प्रसाद शर्मा की अध्यक्षता में संपन्न इस कार्यक्रम में इस्टर्न रेलवे के महाप्रबंधक अनुपम शर्मा, जनकपुरधाम के मेयर लाल किशोर साह पूर्व मंत्री डा. सुरेंद्र यादव, विधायक परमेश्वर साह, रामाशीष यादब, सरस्वती चौधरी, भारतीय बाणिज्य महादूतावास वीरगंज के महा बाणिज्य दूत नीतेश कुमार सहित कई गणमान्य लोग मंच पर मौजूद थे। अतिथियों का स्वागत नेपाल रेलवे के प्रबंधक निरंजन झा ने किया। उद्घाटन समारोह से पूर्व जयनगर से जनकपुरधाम आने पर इस्टर्न रेलवे के महाप्रबंधक अनुपम शर्मा को नेपाल रेलवे के सलाहकार वलराम शर्मा ने गुलदस्ता भेंटकर स्वागत किया। इसी तरह अन्य अतिथियों को भी स्वागत किया गया। भौतिक पूर्वाधार तथा यातायात मंत्री रेणु यादव सहित सभी गणमान्य लोग कुर्था तक सफर किया। इस उद्घाटन समारोह में स्कूली बच्चे ने भारत तथा नेपाल का झंडा लेकर अतिथियों को अभिवादन किया।










