रुस–युक्रेन युद्ध की वार्षिकी, नेपाल सहित १४१ देश ने रुस की आलोचना की
काठमांडू, १२ फागुन –
२४ फरवरी, २०२२ को रुस ने यूक्रेन पर हमला किया था । आज इस युद्ध को शुरु हुए पूरे एक साल हो चुका है । संयुक्त राष्ट्र संघ महासभा ने युक्रेन पर रुस द्वारा किए जा रहे युद्ध को रोकने के लिए एक प्रस्ताव अत्यधिक मत से पारित किया है ।
संयुक्त राष्ट्र संघ महासभा के इस प्रस्ताव के पक्ष में नेपाल सहित १४१ देश ने मत दिया है । रुस, बेलारुस, उत्तर कोरिया, सिरिया, माली, इरिट्रिया और निकारागुआ ने प्रस्ताव के विपक्ष में मतदान किया है । चीन, भारत, इरान, दक्षिण अफ्रिका के साथ अन्य ३२ देश तटस्थ रहे ।
आज युद्ध को पूरे एक साल हो गए हैं इसकी वार्षिकीत्सव की पूर्वसन्ध्या में संयुक्त राष्ट्रसंघ महासभा ने यह प्रस्ताव लाया है । इसमें मांग की गई है कि रुस जल्द से जल्द यूक्रेन से बाहर निकले । महासभा ने युक्रेन पर रुस द्वारा किए जा रहे आक्रमण की आलोचना की है । महासभा ने लडाई रोकने के लिए विना शर्त युक्रेन से रुसी सेना वापस करने की मांग की है ।
रुस ने युक्रेन के चार क्षेत्र को अपने में मिलाने की घोषणा करने के बाद हुई तनाव के बाद यह तनाव युद्ध में परिणत हो गया ।
२०२२ के फरवरी २४ में रुस के राष्ट्रपति पुतिन ने युक्रेन पर आक्रमण शुरु किया था । इससे दोनों ही सेना में बहुत ज्यादा क्षती हुई है । रुसी आक्रमण से युक्रेन के बहुत सारे सर्वसाधारण की भी मृत्यु हुई है साथ ही बहुत से शहर खण्डहर में परिणत हो गए हैं ।


