स्कूल प्रशासन की लापरवाही से एक चार वर्षीय बच्चा हुआ गुम किन्तु एसएसबी ने बचाया.
आज दिनांक 10.04.2023 दिन सोमवार को स्कूल प्रशासन की लापरवाही से एक चार वर्षीय बच्चा स्कूल से निकल कर भटकता हुआ डेढ़ किलोमीटर दूर रक्सौल बाज़ार तक पहुँच गया. ये अच्छा रहा कि रक्सौल एसएसबी ड्यूटी पोस्ट पर तैनात जवानों ने अकेले भटकते बच्चे को देखकर रोक लिया और उसको उसके पिता को सुरक्षित सौंप दिया.
सबसे बड़े आश्चर्य की बात तो ये थी कि बच्चा खो जाने की जानकरी फेथ मिशन एकेडेमी स्कूल ( डंकन के पास डुमरीयाटोला) रक्सौल को तब लगी जब रक्सौल में ये चर्चा हो रही थी कि एसएसबी के पास कोई खोया हुआ बच्चा मिला है तब किसी ने स्कूल में पूछा कि कहीं आपके स्कूल का बच्चा तो गुम नहीं हुआ है ? तब प्रथम कक्षा के बच्चे के गुम होने की जानकारी हुई.
फेथ मिशन एकेडेमी स्कूल ( डंकन के पास डुमरीयाटोला) रक्सौल से एक लापरवाही का मामला देखने में आया कि स्कूल से जब बच्चे निकल रहे थे तो बच्चे पर स्कूल प्रशासन का ध्यान नहीं गया जबकि छोटे बच्चे और बच्चा भटकते हुए लगभग डेढ़ किलोमीटर दूर कस्टम चौक से होते हुए रक्सौल बाज़ार में भटकते हुए पहुँच गया एक आश्चर्य की बात ये भी रही, कि बच्चे को एक भी समझदार व्यक्ति नहीं मिला जो उससे पूछता कि अकेले कहाँ जा रहा रहे हो ?
लोगों द्वारा बताये जाने के बाद फेथ मिशन एकेडेमी स्कूल प्रशासन के हाथ पैर फुल गए और गुमशुदा बच्चे को खोजने लगे. बच्चे के माता पिता भी इधर उधर भटकने लगे.
जबकि भारत नेपाल सीमा पर मानव तस्करी के मामले बहुत देखने में आते हैं यदि बच्चा किसी मानव तस्करी गैंग या भिखारी गैंग के हाथ लग जाता तो बहुत अनर्थ हो सकता था किन्तु एसएसबी ड्यूटी पोस्ट पर तैनात जवानों की सतर्कता से बच्चा अपने पिता के पास सुरक्षित पहुँच गया.
फिर बाद में फेथ मिशन एकेडेमी स्कूल (डंकन के समीप) रक्सौल स्कूल प्रशासन को जानकारी प्राप्त हुई कि बच्चा एसएसबी डयूटी पोस्ट पर है तो फिर भागे भागे आये और राहत की सांस ली और फेथ मिशन एकेडेमी स्कूल के प्रधानाचार्य ने एसएसबी पोस्ट पर इस सन्दर्भ में माफ़ी भी मांगी.
बच्चे के पिता ने एसएसबी को बहुत धन्यवाद् दिया और कहा कि उनके बच्चे को एक नया जीवन मिला है हम सदा एसएसबी के आभारी रहेंगे और यह चर्चा आज रक्सौल में खूब होती रही.


