जनकपुर पुर्णत: बन्द,कान्तिपुर सहित कई पत्रिका मे आगजनी
कैलास दास, जनकपुर । सर्वदलीय सर्वपक्षीय संघर्ष समिति ने रविवार को जनकपुर बन्द किया है । संघर्ष समिति के कार्यकर्ताओं ने सुबह से ही लाठी भराट लेकर जनकपुर मे प्रदर्शन कर रहे है ।
प्रदर्शन के क्रम में रामानन्द चौक स्थित एक गाडी में आगजनी भी कीया गया है । पुलिस की सक्रियता के कारण रामनन्द चौक पर किसी भी प्रकार का दुर्घटना नही हुआ है । सुबह से जनकपुर के विभिन्न चौक पर टायर बालकर आन्दोलनकारी प्रदर्शन कर रहे है । इधर प्रहरी सुरक्षा भी बढा दी गई है ।
आन्दोलनकारीओं व्दारा मन्त्री निधि के विरुध्द नारावाजी की जारही है , एडिबी आयोजना लागू करो, प्रस्तावित जगह में ही ल्याण्डफिल साइट हो सहित के नारा जुलुस प्रदर्शन कीया जारहा है ।
उसी प्रकार शनिवार की साम में २२ सर्वदलीय सर्वपक्षीय समिति ने विशाल मशाल जुलुस का प्रदर्शन किया था । जनकपुर के रेल्वे स्टेशन से निकला वह मशाल जुलुस नगर के चारो ओर प्रदर्शन कीया था । मशाल जुलुस में नेकपा माओवादी के मधेश ब्यूरो इन्चार्ज रामचन्द्र झा, रामचन्द्र मण्डल, माओवादी के पूर्व राज्य मन्त्री देवेन्द्र साह, नेकपा एमाले के केन्द्रिय सदस्य श्रीप्रसाद साह, मधेशवादी दल के प्रतिनिधि, नेपाली काँग्रेस काईराला पक्षधर, पूर्व मेयर बजरंग प्रसाद साह सहित के प्रमुख व्यक्ति की सहभागीता थी ।
एशियाली विकास बैंक ने जनकपुर के विकास के लिए एकीकृत सहरी विकास आयोजना अन्तर्गत एक अर्ब ९० करोड रुपैया ऋण सहयोग दीया है । आयोजना सञ्चालन के लिए ल्याण्डफिल्ड साइट विवाद के कारण अभी तक कार्यान्वयन नही हो पाया है । ल्याण्डफिल साइट के लिए धनुषा के फुलगामा में गुठी अधिनस्थ रहे १७ विघा १७ कट्टा १७ धुर जमीन लिज पर लेने के बाद मिटी परीक्षण भी हो चुका था । अधिकांश कार्य होने के बावजुद भी भौतिक पूर्वाधार तथा यातायात मन्त्री विमलेन्द्र निधि के अडान के कारण एडिबी आयोजना यहाँ से जाने का हल्ला के बाद क्रमबद्ध रुप में यह आन्दोलन होता आ रहा है ।
मन्त्री निधि के अनुसार फुलगामा मे चुना गया ल्याण्डफिल साइट के लिए जगह इससे पहले ही गुठी संस्थान से राजर्षि विश्वविद्यालय के लिए लिज मे लिया गया है । निधि पक्ष के अनुसार जनकपुर से करीब एक किलोमिटर दूरी पर रही बेंगाशिवपुर के ५२ विघा जमीन ल्याण्डफिल के लिये उपयुक्त है वही पर क्यो न ल्याण्डफिल साइट हो ।
इधर सर्वदलीय सर्वपक्षीय संघर्ष समिति का कहना है कि प्राविधिक के जाँच के अनुसार यह जगह उपयुक्त नही है । इसलिए ल्याण्डफिल साइट फुलगामा में ही बनना चाहिए । इसी अडान को लेकर जनकपुर में करीब तीन महिना से क्रमबद्ध रुप में आन्दोलन चलता आ रहा है ।
आन्दोलनकारी ने कान्तिपुर सहित कइ पत्रिका जलाया
आन्दोलनकारीयाें ने काठमाण्डू से प्रकाशित पत्रिका को जनकपुर के शिव चौक पर जलाया है । कान्तिपुर, नागरिक अन्नपूर्ण पत्रिका जलाया गया है । यह पत्रिका विभेदकारी है । मन्त्री के कहने पर इतनी बडा आन्दोलन हो रहा है लेकिन हमलोगों का समाचार प्रकाशित नही हो रहा है । इसलिए इस पत्रिका को यहाँ से बहिष्कार किया जाए नारा लगाते हुए उन लोगो ने पत्रिका जलायी है ।

