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अमेरिका ने किया फैसला, एमसीसी रहेगा जारी, चीन की हसरतों पर फिरा पानी

 

काठमांडू:27 अगस्त

अमेरिका के ट्रंप प्रशासन ने नेपाल मिलेनियम चैलेंज कॉम्पैक्ट (MCC) जारी रखने का फैसला किया है, जिसके बाद महीनों से चल रही अटकलों को विराम लग गया। ट्रंप प्रशासन के इस फैसले को चीन के लिए बड़ा झटके के रूप में देखा जा रहा है, जो नेपाल में अपनी बेल्ट रोड इनिशिएटिव (BRI) को बढ़ाना चाह रहा है। एमसीसी नेपाल में विकास परियोजनाओं का एक पैकेज है, जिसे अमेरिका ने चीन के बीआरआई की काट के लिए शुरू किया था। हालांकि, डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद नवगठित सरकारी दक्षता विभाग (DOGE) ने विदेशी फंडिंग में कटौती के तहत एमसीसी को बंद करने का फैसला किया था।

अमेरिकी सहायता एजेंसियों को अपना काम समेटने का निर्देश देने के बाद विदेश विभाग ने MCC और USAID समेत विभिन्न एजेंसियों की विदेशी सहायता परियोजनाओं और कार्यक्रमों की समीक्षा शुरू कर दी। अमेरिकी सरकार की विदेशी सहायता की समीक्षा ने मिलेनिमय चैलेंज कॉर्पोरेशन नेपाल कॉम्पैक्ट को जारी रखने की सिफारिश की है। अमेरिकी दूतावास के प्रतिनिधि ने  बताया कि नेपाल सरकार को इस फैसले की जानकारी दे दी गई है।

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जनवरी से ही नेपाल में इस बात को लेकर असमंजस बना हुआ था कि अगर ट्रंप प्रशासन MCC से पूरी तरह हाथ खींच लेता है, तो सरकार धन का प्रबंधन कैसे करेगी।  वित्त मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से बताया है कि अमेरिका के इस नए फैसले से राहत की सांस ली गई है। हालांकि, अमेरिकी पक्ष ने हमें आश्वासन दिया था कि परियोजनाएं प्रभावित नहीं होंगी, फिर भी हम एमसीसी के तहत परियोजनाओं के वैकल्पिक संसाधनों की तलाश कर रहे थे।

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नेपाल और एमसीसी ने सितंबर 2017 में ऊर्जा और सड़क परियोजनाओं के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किए थे, जिसके तहत अमेरिका 50 करोड़ डॉलर की सहायता देगा। नेपाल अपनी तरफ से 15 करोड़ डॉलर देगा जिसे बढ़ाकर 19.7 करोड़ डॉलर कर दिया गया। इस तरह एमसीसी के तहत परियोजना में कुल निवेश 69.7 करोड़ डॉलर पहुंच गया है। एमसीसी ने फंडिंग की कमी को पूरा करने के लिए 5 करोड़ डॉलर डालने का फैसला किया था, जिससे यह राशि 74 करोड़ डॉलर के पार जा सकती थी।

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एमसीसी को चीन की बेल्ट एंड रोड पहल का जवाब माना जाता है। नेपाल भी चीन के बीआरआई प्रोजेक्ट का हिस्सा है। इसी साल जून में एमसीसी मुख्यालय ने यह कहा कि वह बीआरआई का प्रभावी ढंगे मुकाबला कर रहा है। अमेरिका कांग्रेस में पेश एक प्रस्ताव में MCC ने कहा, दो दशकों से भी अधिक समय से एमसीसी ने अमेरिकी निवेश, व्यापार और रोजगार के नए अवसर पैदा करने के लिए साझेदार देशों में निवेश किया है, जिससे अमेरिकी व्यवसायों के लिए बहुमूल्य अवसर खुले हैं। साथ ही बेल्ट एंट रोड पहर (बीआरआई) के बढ़ते प्रभाव का प्रभावी ढंग से मुकाबला किया है।

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