पाकिस्तान में खुदाई में मिली मुर्तियाँ और सिक्के, विश्व हिन्दु परिषद ने मुर्तियाँ सौंपने की माँग की
पाकिस्तान के दक्षिण पंजाब प्रांत स्थित मुल्तान की एक निर्माणाधीन कचहरी से ख़ज़ाना, सिक्के, पुरावस्तु और कथित तौर पर कुछ मूर्तियाँ मिलने के बाद परिसर में मौजूद ‘मालखाने’ को सील कर दिया गया है और वहाँ पर पुलिस बल तैनात कर दिए गए हैं.बरामद की गई सामग्रियों में सिक्कों और आभूषणों के अलावा कुछ मूर्तियां मिलने की बात भी कही जा रही है मगर इन दावों की पुष्टि नहीं हुई है.
इधर, भारत में विश्व हिंदू परिषद के नेताओं ने पाकिस्तान उच्चायुक्त को ज्ञापन सौंपकर ‘खुदाई में मिली मूर्तियां सौंपने’ की मांग की है.
जबकि बताया जा रहा है कि मूर्तियों की जो तस्वीरें मीडिया पर चलाई गई हैं, वो दो साल पहले की हैं जिन्हें पकिस्तान के पुरातत्व विभाग ने तब ज़ब्त किया था जब उनकी थाईलैंड स्मगलिंग की जा रही थी.
जिला प्रशासन के अधिकारी का कहना था कि अभी तक किसी भी तरह की मूर्ति के मिलने की ख़बर नहीं है.साथ ही यह भी खबर है कि फ़िलहाल जिला प्रशासन ने बरामद सामग्री को अपने कब्ज़े में ले लिया है.
प्रशासन का कहना है कि बरामद सिक्के और अन्य पुरातात्विक महत्व की चीज़ें किस काल के हैं, इसकी जांच अब पकिस्तान का पुरातत्व विभाग करेगा.
पकिस्तानी अख़बार ‘द न्यूज़’ का कहना है कि मुल्तान के ज़िला प्रशासन ने मुख्य सचिव को आवेदन भेजा है जिसमें अनुरोध किया गया है कि जो कुछ कचहरी परिसर में खुदाई के दौरान मिला है, उसकी पुरातत्व विभाग जांच करे ताकि पता चल सके कि बरामद वस्तुएं किस काल की हैं.
एक ओर मुल्तान का प्रशासन मूर्तियां न मिलेन की बात कर रहा है मगर इधर, भारत में विश्व हिंदू परिषद का दावा है कि कचहरी परिसर में खुदाई के दौरान मूर्तियाँ भी बरामद हुईं हैं जो हिंदू देवी-देवताओं की हो सकती हैं.
इस मामले को लेकर संगठन के एक प्रतिनिधिमंडल ने भारत में पकिस्तान के उच्च आयुक्त को एक ज्ञापन सौंपा है.
इस ज्ञापन में मांग की गई है कि पकिस्तान की सरकार बरामद की गई मूर्तियों को पकिस्तान में मौजूद भारत के उच्च आयुक्त को सौंप दे ताकि भारत लाकर उनकी प्राण प्रतिष्ठा की जा सके.


