क्या आपको कोरोना हुआ था ? निश्चिंत रहें अब आप लम्बे समय तक हैं सुरक्षित
वैज्ञानिकों ने आशंका जताई थी कि कोरोना वायरस या वैक्सीन से पैदा हुई इम्युनिटी बहुत कम वक्त के लिए होती है, लेकिन नए अध्ययन में पता चला है कि इम्युनिटी कुछ साल के लिए और किसी किसी में दशकों तक रहती है।
जिन लोगों को कोरोना हुआ था और वैक्सीन भी लग चुकी है उनके लिए अच्छी खबर है कि अब उन्हें कभी भी बूस्टर की जरूरत नहीं होगी। इस मतलब है कि उन्हें अब कोई खतरा नहीं होगा। लेकिन जिन्हें कोरोना नहीं हुआ है और वैक्सीन लगी है, उन्हें साल भर के भीतर फिर वैक्सीन लेना होगा।
दोनों ही मामलों में इम्युन सिस्टम बेहतर काम करेगा और अस्थिमज्जा (Bone marrow) में मौजूद रहकर वायरस की पहचान करेगा।
बोन मैरो रक्त लेने जैसा नहीं है, रोगी को एक नहीं कई बार बोन मैरो लेना पड़ता है, यानी ये एक मुश्किल प्रक्रिया है।
वैज्ञानिकों ने पता लगाया है कि इस तरह के इम्युन सेल शरीर में बनते रहते हैं और वो जो एंटीबॉडी पैदा करते हैं वो वक्त से साथ और बेहतर होते जाते हैं।
संक्रमण खत्म होने के बाद भी ये सेल बेहतर होते जाते हैं क्योंकि इम्युन सिस्टम वायरस से लड़ता रहता है। समय के साथ पता इम्युन सिस्टम में सुधार आता रहता है ताकि वो वायरस से मजबूती से लड़ सके।
हालांकि वैक्सीन से एक जैसा नतीजा नहीं मिलता है, क्योंकि इम्युनाइजेशन के बाद इम्युन मेमोरी भिन्न तरीके से संगठित होती है। संक्रमण के किसी मौजूदा रोगी और संक्रमण से उबर चुके व्यक्ति में अलग तरीके से काम करती है।


