भारत ने नेपाल को सिकल सेल और थैलेसीमिया वैक्सीन की पहली खेप सौंपी
काठमांडू, 25 अप्रैल — भारत ने नेपाल को सिकल सेल और थैलेसीमिया जैसे जटिल आनुवंशिक रोगों से लड़ने में मदद करने के उद्देश्य से वैक्सीन की पहली खेप सौंपी है। यह हस्तांतरण शुक्रवार को काठमांडू में भारतीय राजदूत श्री नवीन श्रीवास्तव द्वारा नेपाल के स्वास्थ्य तथा जनसंख्या मंत्री श्री प्रदीप पौडेल को किया गया।
भारत सरकार ने नेपाल सरकार के अनुरोध पर 20 लाख अमेरिकी डॉलर मूल्य की वैक्सीन और औषधियों की सहायता प्रदान की है। इस सहायता की पहली खेप में इन्फ्लुएंजा वैक्सीन (3100 यूनिट), साल्मोनेला वैक्सीन (1550 यूनिट), मेनिंजोकोकस वैक्सीन (3100 यूनिट), हेमोफिलस इन्फ्लुएंजा वैक्सीन (4640 यूनिट) और स्ट्रेप्टोकोकस निमोनिया वैक्सीन (4640 यूनिट) शामिल हैं।
राजदूत श्री श्रीवास्तव ने इस मौके पर कहा कि यह सहयोग नेपाल में सिकल सेल और थैलेसीमिया से पीड़ित लोगों की स्थिति को सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने भारत-नेपाल के ऐतिहासिक और घनिष्ठ संबंधों का उल्लेख करते हुए स्वास्थ्य सेवा समेत विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई।
स्वास्थ्य मंत्री श्री पौडेल ने भारत सरकार की इस सहायता के लिए आभार व्यक्त किया और कहा कि इन वैक्सीनों से नेपाल के जनस्वास्थ्य क्षेत्र को बड़ा लाभ मिलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि भारत का सहयोग नेपाल की स्वास्थ्य सेवा प्रणाली को मजबूत बनाने में लगातार सहायक रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल दोनों देशों के बीच सहयोग और सद्भाव का प्रतीक है, जो नागरिकों के लिए बेहतर स्वास्थ्य और समृद्ध भविष्य की साझा सोच को दर्शाता है। भारत ने एक बार फिर यह सिद्ध किया है कि वह नेपाल के साथ साझेदारी को केवल कूटनीतिक स्तर पर नहीं, बल्कि मानवीय आधार पर भी आगे बढ़ाना चाहता है।


