Mon. Feb 16th, 2026
English मे देखने के लिए क्लिक करें

बिहार में यहां बन रहा विराट रामायण मंदिर

बिहार के पूर्वी चंपारण में दुनिया का सबसे बड़ा मंदिर का निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है. इस विशेष मंदिर का नाम “विराट रामायण मंदिर रखा गया है. बता दें कि हाल हीं में दुनिया का सबसे बड़ा शिव लिंग इस मंदिर परिसर में पहुंच चुका है जिसको लेकर कई दिलचस्प बातें सामने आई हैं.
मंदिर के इंजीनियर नंदन कुमार सिंह बताते हैं इस शिव लिंग में 1008 छोटे छोटे शिव लिंग हैं जिस कारण इसे सहस्त्र लिंगम की संज्ञा दी गई है. ब्लैक ग्रेनाइट पत्थर से बना यह शिवलिंग तमिलनाडु से 45 दिन की अवधि में बिहार पहुंचा है जो अत्यंत ही विशाल है और 33 फीट लंबा है. अगर वजन की बात करें तो इस शिवलिंग का वजन 210 ट्रिलियन है.
शिवलिंग की ऊंचाई होगी 56 फीट
इंजीनियर नंदन कुमार सिंह ने यह भी बताया कि इस शिव लिंग को 23 फीट ऊंची कुर्सी पर स्थापित किया जाएगा, जिसके बाद शिवलिंग की ऊंचाई 56 फीट हो जाएगी और शिवभक्तों को सीढ़ी चढ़ कर जल चढ़ाना पड़ेगा. विराट रामायण मंदिर दुनिया का सबसे बड़ा मंदिर है इसके कई कारण बताए जा रहें हैं.
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मंदिर की लंबाई 1080 फीट तथा चौड़ाई 540 फीट है जो 120 एकड़ के विशाल भू -भाग पर निर्माणाधीन है. इस मंदिर परिसर में निर्माण किए जा रहे राम मंदिर के शिखर की ऊंचाई 270 फीट होगी जो पूरे विश्व में सभी मंदिरों में सर्वाधिक होगी. इस मंदिर को तीन तला बनाया जा रहा है और एक तले की ऊंचाई 18 फीट तय की गई है. मंदिर परिसर में 22 अलग – अलग देवी देवताओं मंदिर बनाए जा रहें हैं जो इस मंदिर को और भव्य एवं विशेष बनाते हैं.
राम मंदिर के गर्भ गृह की भी विशेष चर्चा है जो अत्यंत ही विशाल है जहां भारी संख्या में भक्त गण एक साथ इक्कठे हो सकते हैं. गर्भ – गृह में प्रभु राम एवं मां सीता की मूर्ति स्थापित करने की योजना है. जिसको लेकर तैयारी शुरू हो चुकी है. इस विराट मंदिर को लेकर यह तथ्य भी सामने आया है कि यह मंदिर परिसर खतरनाक भूकंप जोन में पड़ता है, जिससे बचाव के लिए 3300 पाइल्स का निर्माण किया गया है जो भू – तल से 100 फीट गहराई तक जाता है.

About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *