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पटना में नेपाल भारत सम्बन्ध सम्बन्धी कार्यशाला गोष्ठी

 
ओमप्रकाश सराफ,पटना ९ जनवरी २०१६
पटना में नेपाल भारत सम्बन्ध सम्बन्धी कार्यशाला गोष्ठी  सम्पन्न । दोनों देशों का खून का रिश्ता वक्ताओं का कथन ।
पटना, पौष २५ गते चिती प्रज्ञा प्रवाह इकाई कमिटी पटना द्वारा आयोजित नेपाल भारत सम्बन्धी कार्यशाला गोष्ठी पटना में सम्पन्न हुआ । विश्व संवाद केन्द्र के सभाहाल में आयोजित गोष्ठी को सम्बोधित करते हुए कार्यक्रम के प्रमुख अतिथि पूर्वराज्यपाल एवं राजदूत श्री एन.एन झा ने कहा कि नेपाल में उत्पन्न समस्या का समाधान वहाँ की राजनीतिक दलों के पहल द्वारा ही सम्भव है । उन्होंने कहा कि नेपाल की आधी आबादी मधेशियों की है किन्तु वो अपने अधिकारों से वंचित हैं जिसकी वजह से यह समस्या उत्पन्न हुइ है । भारत नेपाल की एकता और विकास को हमेशा देखना चाहता है । आन्दोलन की आड में कुछ अराजक तत्व भारत को बदनाम कर रहा है । नाकाबन्दी मधेशियों ने किया है किन्तु इसका आरा पभारत पर लगा कर उसे बदनाम किया जा रहा है । नेपाल और भारत का सम्बन्ध सिर्फ रोटी और बेटी का नहीं है बल्कि खून का है । भारत नेपाल के विखण्डन के पक्ष में कभी नहीं आ सकता । नेपाल में जारी अस्थिरता का कारण  यूरोपीयन यूनियन और चाइना का वर्चस्व है ।
कार्यक्रम में भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व केन्द्रीय मन्त्री डा. संजय पासवान ने कहा कि नेपाल में भारत विरोधी गतिविधि तेज हो रही है । नेपाल की समस्या का समाधान राजनीतिक सहमति से ही सम्भव है । young leader of madheshi
नेपाल की ओर से बोलते हए मधेश अध्ययन केन्द्र के केन्द्रीय अध्यक्ष एवं फोरम गणतांन्त्रिक के केन्द्रीय सदस्य बिजय महासेठ ने कहा कि नेपाल में मधेशियों को उसके चेहरों की वजश से भी उपेक्षित किया जाता है । ७५प्रतिशत मधेशियों को उसके अधिकार और पहचान से वंचित करने का प्रयास किया जा रहा है । पूर्व सांसद जगदीश ने नेपाल के सत्ताधारी दल एवं पहाडी मानसिकता से ग्रसित राजनीतिक दलों ने आदिवासी, जनजाति, दलित को सदियों से नेपाल में गुलाम बनाए जाने की परम्परा रही है । आज जब अधिकार की माँग की जा रही है तो इन्हें विखण्डनकारी कहा जा रहा है । संघीय समावेशी मधेशी युवा गठबन्धन पर्सा के संयोजक ईश्वर यादव ने कहा कि नेपाल के हर परिवर्तनकारी आन्दोलन में भारत की अभिभावकीय भूमिका रही है । मधेश आन्दोलन में राज्य के तीन दलों की भूमिका ने मधेश के प्रति उनकी सोच को स्पष्ट किया है । उन्होंने अब तक सिर्फ आन्दोलन को दबाने का काम किया है । मधेश के सभी कल कारखाने बन्द हैं मधेशी युवा विदेश पलायन कर रहे हैं । मधेश अध्ययन केन्द्र के नारायणी अंचल संयोजक एवं युवागठबन्धन के सलाहकार ओमप्रकाश सर्राफ ने कहा कि मधेश आन्दोलन में राज्य ने भरपूर दमन किया है । राज्य हमेशा से मधेश के प्रति विभेद करता आया है । पहाड की समस्या तुरन्त सम्बोधित होती है और आज मधेश पाँच महीनों स अपने अधिकार के लिए लड रहा है । ५२ से अधिक मधेशी जनता शहादत प्राप्त कर चुकी है । कार्यक्रम में बोलते हुए मधेशी पत्रकार समाज पर्सा के अध्यक्ष संतोष पटेल ने कहा कि नेपाल के बडे दल मधेशियों के साथ हुए समझौता को इमानदारी से लागू नहीं करने के कारण आज यह वातावरण बना है । वार्ता के नाम में सरकार सिर्फ नौटंकी कर  रही है ।
चिति के पटना इकाई संयोजक एवं पत्रकार कृष्णकान्त ओझा के सभापतित्व में सम्पन्न गोष्ठी में भाजपा नेता रविन्द्र राय ने धन्यवाद ज्ञापन किया । पटना गई टोली ने बिहार सरकार के सहकारिता मंत्री एवं आरजेडी पार्टी के युवा मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार मेहता, विधायक समीर महासेठ, व्यापार प्रकोष्ठ के महासचिव गाबिन्द मेहता आदि नेताओं के साथ भी मुलाकात की ।

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