राजविराज में राष्ट्रीय मैथिली सम्मेलन:करुणा झा
सप्तरी। राजविराज में सम्पन्न राष्ट्रीय मैथिली सम्मेलन में प्रधानमन्त्री डा. बाबुराम भट्टर्राई ने कहा, आगामी जेष्ठ १४ के भीतर संघीयता सहित संविधान जारी होगा, इसके लिए सब को आश्वस्त रहना चाहिए। संघीयता बिना, संविधान की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। चैत्र के भीतर सेना समायोजन सहित विवादित विषय को निष्कर्षमें पहुँचाया जाएगा। चैत्र मसान्त के भीतर ही ६ हजार पाँच सौ लडाकू को भी राष्ट्रीय सेना में समायोजन कर बाँकी अन्य लडाकुओं के लिए बैकल्पिक व्यवस्था की तैयारी हो रही है। अपने ६ महिना के कार्यकाल में शान्ति प्रक्रिया को अंतिम चरण में पहुँचा कर अन्य समस्याओं का भी समाधान जल्दी ही करने की प्रतिबद्धता उन्होंने जताई।
जनता के आन्दोलन ने २४० बर्षों की एकात्मक राज्य प्रणाली को पराजित किया, अब आर्थिक आन्दोलन करने की आवश्यकता हंै। जनता की आर्थिक स्थिति मे सुधार लाने के लिए र्सवप्रथम शान्ति और संविधान का होना जरुरी है। राजविराज में १८ गते मैथिली राष्ट्रिय सम्मेलन के उद्घाटन में अपना सम्पर्ूण्ा भाषण मैथिली भाषा में ही प्रधानमन्त्री ने दिया। उनको मैथिली भाषा में भाषण करते देख हजारों की संख्या में उपस्थित सहभागियों ने ताली बजा कर र्समर्थन तथा स्वागत किया।
मधेशी, आदिवासी, जनजाति, उत्पीडित, भाषागत पहचान, आर्थिक और भौगोलिक संघीयता की विशेषता रहेगी, ऐसी प्रतिबद्धता प्रधानमन्त्री ने व्यक्त की। स्थानीय पब्लिक विन्देश्वरी उच्च मा.वि. प्राङ्गण में कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। आयोजक समिति के संयोजक विष्णु मण्डल की अध्यक्षता में कार्यक्रम हुआ। जिस में स्वागत मन्तव्य मैथिली साहित्य परिषद् के अध्यक्ष देवेन्द्र मिश्र, पर्ूव अध्यक्ष अमरकान्त झा, साझा प्रकाशन के महाप्रबन्धक ममता झा ने किया। इसी तरह कार्यक्रम का संचालन श्याम सुन्दर यादव और करुणा झा ने किया।

