नेपाल भारत सीमा पर हंसेश्वर मठ में माघ मेला शुरू
तीतरी/जौलजीबी : नेपाल सीमा पर काली नदी किनारे स्थित प्रसिद्ध हंसेश्वर मठ में 22वां माघ महोत्सव का शुभारंभ हो गया है। इस अवसर पर चार किलोमीटर दूर काली और गोरी नदी संगम से पवित्र जल के साथ महिलाओं ने कलशयात्रा निकाली। पवित्र जल से हंसेश्वर में भगवान शिव का जलाभिषेक किया गया। महोत्सव का शुभारंभ बिहार के पूर्व मंत्री अनिल कुमार टुन्ना ने किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि उत्तराखंड पावन धरती है। यहां पर समस्त देवी, देवताओं का वास है। यह भूमि भोलेनाथ की भूमि है। उन्होंने माघ महोत्सव के शुभारंभ अवसर पर अपनी मौजूदगी को भगवान शिव की कृपा बताया। उन्होंने कहा कि हंसेश्वर मठ पौराणिक है। इस पुण्य भूमि पर मठ के मंदिर परमानंद गिरि महाराज द्वारा प्रतिवर्ष माघ माह में आयोजित किए जाने वाला माघ महोत्सव आध्यात्मिक शक्ति जगाने के साथ आस्था को बढ़ाता है।
महोत्सव के दूसरे दिन शनिवार यानि आज बसंत पंचमी के अवसर पर पवित्र सूरज कुंड में स्नान होगा। इस मौके पर किशोरों के निश्शुल्क जनेऊ संस्कार किए जाएंगे। माघ महोत्सव में तल्लाबगड़, अस्कोट, गर्खा, जमतड़ी, जौलजीबी सहित नेपाल के श्रद्धालु भी भाग लेंगे। मठ के महंत परमानंद गिरि ने बताया कि माघ महोत्सव का समापन 11 फरवरी को होगा। इस अवधि में प्रतिदिन सुबह से ही धार्मिक अनुष्ठान होंगे। देर रात तक भजन कीर्तन होंगे।
शुभारंभ अवसर पर यशोदा पाल, कमल दीप सिंह,महंत सूरज दास सूर्यवंशी, योगेंद्र पाल, अशोक पाल, कमान सिंह कठायत, विक्की पाल, सुरेंद्र पाल, जीवन सिंह धामी, आन सिंह धामी आदि मौजूद रहे। इस दौरान दूर दराज से पहुंचे लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला।

