लॉकडाउन के बीच नेपाल में 12,00 से ज्यादा पर्यटकों को बचाया गया
नेपाल में कारोना वायरस महामारी के कारण जारी लॉकडाउन के बीच देश भर में फंसे लगभग 12,00 से ज्यादा पर्यटकों को बचाया गया है। कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए नेपाल में पिछले हफ्ते देशव्यापी लॉकडाउन की घोषणा किया गया था। देश में कोरोना पॉजिटिव मामलों की संख्या पांच पहुंच गई है।
नेपाल पर्यटन बोर्ड द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, देश भर में 19 स्थानों से कुल 1255 फंसे हुए पर्यटकों को निकाला गया है। कोरोना वायरस के कारण नेपाल सरकार ने इस महीने की शुरुआत में दुनिया के सबसे ऊंचे माउंट एवरेस्ट सहित देश के सभी हिमालय की चोटियों पर चढ़ाई करने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
नेपाल पर्यटन बोर्ड (एनटीबी) के कार्यकारी प्रमुख धनंजय रेगमी ने एएनआई को बताया कि हम लुक्ला में फंसे अंतर्राष्ट्रीय और घरेलू पर्यटकों के साथ-साथ नेपाली टूर गाइड और पोर्टर्स समेत 158 लोगों को लाने में सफल रहे हैं। इनमें से 56 लोगों को तारा एयर, 51 को सुमित एयर और अन्य 51 लोगों को सीता एयर द्वारा निकाला गया है। वहीं, चार्टर्ड उड़ानों को नागरिक उड्डयन प्राधिकरण नेपाल (CAAN), अमेरिकी दूतावास, ब्रिटिश दूतावास, रूस के दूतावास और स्थानीय सरकारी निकायों के साथ मिलकर संचालित किया गया था।
कुल 1,255 यात्रियों को बचाया गया
रेजी ने कहा कि 29 मार्च तक हमने देश के भीतर से कुल 1,255 यात्रियों को बचाया है। एनटीबी ने सभी बचाव अभियानों के दौरान सरकार द्वारा निर्धारित स्वास्थ्य और सुरक्षा दिशानिर्देशों को प्राथमिकता दी है। एनटीबी ने अपने बचाव अभियान को लुक्ला, पोखरा, तपलजंग, जोम्सोम, मुक्तिनाथ, लंगटंग, मानसलू, गोरखा, लेटे, बशीशहर, कंडे, संखुवाबा, झापा, बेनी और झीनुदंडा में चलाया। एक अनुमान लगाया कि देश के विभिन्न हिस्सों में लगभग 10 हजार पर्यटक फंसे हुए हैं। अभी तक कुल 913 पर्यटकों को उनके संबंधित देशों में वापस भेज दिया गया है।


