Tue. Apr 21st, 2026
English मे देखने के लिए क्लिक करें

नेपालगंज के रेडियो कृष्णसार एफ. एम. ५ वाँ वर्ष में प्रवेश ।

 

KSfMनेपालगन्ज (बाँके), पवन जायसवाल ,१७,चैत्र । बाँके जिला के नेपालगन्ज में स्थित सामुदायिक रेडियो रेडियो  कृष्णसार एफएम ९४ मेगाहर्ज ने अपने प्रसारण का चौथा वर्ष सफलतापूर्वक पूरा किया है । मध्यपश्चिमाञ्चल और सुदूरपश्चिम क्षेत्रों में सर्वाधिक लोकप्रियता कमाया हुआ नेपालगंज – १६ सृजना मार्ग मै रहे रेडियो कृष्णसार एफ.एम. ने बि.सं. २०६५ साल चैत्र १४ गते से अपना प्रसारण आरम्भ किया था ।
विषय वस्तुओं के गहिराईयों में पहुँचकर  समाचार और विश्लेषणात्मक सामग्रीयों   को प्रसारण करते आ रहा यह एफ. एम. इस क्षेत्र के सब से अधिक क्षमतावान २ हजार वाट क्षमता का  एफ.एमं केवल है ।   रेडियो कृष्णसार एफ.एम.ने पश्चिम डायरी, वीट न्यूज, पश्चिम सरोकार, कृष्णसार आइडल, नौलो मायाजाल, अवधी कार्यक्रम दुवारे मुहारे , चना जोर गसम, कार्यक्रम अन्दाज, घर दुवार जैसा और लोकप्रिय समाचार वुलेटिन तथा कार्यक्रम प्रसारण करते आ रहा है ।
पत्रकारों की संस्था समुदाय के लियें  संचार अभियान नेपाल ने सञ्चालन करते आ रहा रेडियो कृष्णसार एफ.एम.ने गत वर्ष देश भर के सामुदायिक रेडियो मध्ये से एस.एम.एस. ज्यादा से ज्यादा प्राप्त किया इस लियें उत्कृष्ट रेडियो का भी उपाधी मिला था ।
इसी तरह इस  वर्ष मध्यपश्चिम का क्षेत्रीय शिक्षा पत्रकारिता पुरस्कार भी रेडियो  कृष्णसार एफ.एम.ने प्राप्त किया । सकारात्मक सन्देश प्रवाहों को  मूलमन्त्र बनाकर और रेडियो कृष्णसार एफ.एम.नपालगन्ज ने  समाज में रहा विभिन्न मुद्दाओं को  समाधान के विन्द में पहुँचाने के लिये  सामग्री को उत्पादन तथा प्रसारण में जोड देते आया हैं स्टेशन के प्रमुख तुला अधिकारी ने यह जानकारी दिया ।
इसे लोकप्रिय रेडियो स्टेशन के रुप में स्थापित करने के लियें और सहयोग देने वाले सभी सहयोगी, सुभेच्छुक, स्रोता, विज्ञापन दाता और सहकमीयों तथा सदस्यों को  स्टेशन प्रमुख अधिकारी ने हार्दिक आभार व्यक्त किया ।
बार्षिकोत्सव के अवसर में चैत्र १४ गते होली पर्व होने के नाते होली भी धूमधाम के साथ मनाया गया । कार्यक्रम में रडियो के रेडियोकर्मियों में प्रमोद डि.जी., रमेशअधिकारी, आँशु श्रेष्ठ, प्रिया स्मृति ढकाल, बिनोद अधिकारी, ज्योति बुढा मगर, चन्दा सिंह, कार्यक्रम संयोजक माधव अधिकारी, गौरी शंकर शर्मा, राजु धोबी, नरेन्द्र सिंह, लगायत लोगों का सहभागिता थी।

About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *