सरकार के लिए हर्क साम्पाङ का ३३ सुत्रीय सुझाव
विद्यार्थियों के लिए सप्ताह में तीन दिन किताबी शिक्षा और चार दिन श्रम, कौशल एवं उत्पादन–आधारित व्यावहारिक शिक्षा लागू करने का प्रस्ताव
काठमांडू, २१ अप्रैल । श्रम संस्कृति पार्टी के अध्यक्ष हर्क साम्पाङ ने सरकारलाई ३३ सुत्रीय सुझाव पेश किया है । मंगलवार को काठमांडू में आयोजित एक पत्रकार सम्मेलन के माध्यम से साम्पाङ ने इन सुझावों को सार्वजनिक किया ।
साम्पाङ ने सरकार से विदेशी हस्तक्षेप से मुक्त रहने की नीति अपनाने पर जोर देते हुए कहा कि एमसीसी और एसपीपी जैसे सैन्य–रणनीतिक समझौतों से दूर रहना चाहिए । उन्होंने पड़ोसी देशों के साथ नियमित संवाद और निरीक्षण की व्यवस्था करने, सीमा सुरक्षा के लिए नेपाली सेना को मौलिक रणनीति के साथ तैनात करने तथा आधुनिक तकनीक और प्राकृतिक संसाधनों के उपयोग से आत्मनिर्भर अर्थव्यवस्था निर्माण करने का सुझाव भी दिया ।
उन्होंने नमक, तेल और पेट्रोलियम जैसे आधारभूत उपभोग्य वस्तुओं की कीमत सामान्य बनाए रखने की आवश्यकता पर भी बल दिया । शिक्षा नीति में सुधार की बात करते हुए साम्पाङ ने सप्ताह में तीन दिन किताबी शिक्षा और चार दिन श्रम, कौशल एवं उत्पादन–आधारित व्यावहारिक शिक्षा लागू करने का प्रस्ताव रखा । कृषि को शिक्षा और उद्योग की बुनियाद मानते हुए सिंचाई, खाद और बीज किसानों की पहुंच में सुनिश्चित करने तथा ‘एक परिवार, एक रोजगार’ की नीति लागू करने की मांग की ।
इसके अलावा, स्रोत न खुले धन–संपत्ति के राष्ट्रीयकरण, काम न करने वाले और भ्रष्ट कर्मचारियों को बर्खास्त करने के लिए सख्त कानून बनाने तथा युवा पीढ़ी की भावना के अनुरूप नीतियां तय करने हेतु एक विशेष आयोग गठन करने की मांग भी साम्पाङ ने रखी । उनका कहना था कि इन सुझावों के कार्यान्वयन से देश में श्रम–आधारित संस्कृति, सुशासन और आत्मनिर्भरता को मजबूती मिलेगी ।

