सरकारी विभेद का शिकार बन रहे हैं मधेशी समुदाय के नागरिकः वृषेशचन्द्र लाल

जनकपुरधाम, १० फरवरी । राष्ट्रीयसभा के पूर्व सदस्य वृषेशचन्द्र लाल ने कहा है कि देश में चुनाव घोषणा हो चुकी है, लेकिन कई मधेशी समुदाय के नागरिकों का नाम मतदाता नामावली में समावेश नहीं है । उन्हों कहा कि वर्तमान गठबन्धन सरकार का नियत ही मधेश के प्रति सही नहीं है ।
बुधबार जनकपुर में आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए लालने कहा– ‘नियत में ही खोट होने के कारण आज कई नागरिकों की नागरिकता नहीं है, नागरिकता ना होने के कारण मतदान के लिए योग्य होते हुए भी उन लोगों का नाम मतदाता नामावली में समावेश नहीं हो पाया है ।’
लाल का कहना है कि देश के हर नागरिकों को मतदान का समान अधिकार है, लेकिन सरकार इस अधिकार से मधेशी नागरिकों को बंचित करने की कोशीश में है । उन्होंने आगे कहा– ‘संसद् और सरकार की अनदेखा के कारण ही आज तक नागरिकता संबंधी कानून ने पूर्णता प्राप्त नहीं किया है । परिणामस्वरुप उल्लेखित संख्या में रहे जन्मसिद्ध नागरिकों की सन्तान, वैवाहिक अंगीकृत बनाने के लिए योग्य नागरिक आज नागरिकता से बंचित हैं ।’
नेता लाल ने कहा कि केपीशर्मा ओली नेतृत्व में रहे पूर्व सरकार ने अध्यादेश मार्फत नागरिकता संबंधी समस्या समाधान के लिए प्रयास कया था, लेकिन वर्तमान सरकार अध्यादेश लाने के लिए भी इच्छुक नहीं दिखाई दे रही है ।

