रास्वपा चुनाव में मतदान के अंतिम चरण के दौरान विवाद की स्थिति पैदा
काठमांडू।

चितवन में जारी राष्ट्रीय स्वतन्त्र पार्टी (रास्वपा) के प्रथम राष्ट्रीय महाधिवेशन के तहत पदाधिकारियों के चुनाव में मतदान के अंतिम चरण के दौरान विवाद की स्थिति पैदा हो गई।
मतदान के लिए निर्धारित समय समाप्त होने और मतदान केंद्र का प्रवेश द्वार बंद किए जाने के बाद कुछ प्रतिनिधियों ने उन्हें भी मतदान करने की अनुमति देने की मांग करते हुए दबाव बनाया।
इस बीच, केंद्रीय निर्वाचन आयोग ने दूर-दराज़ से आए प्रतिनिधियों को ध्यान में रखते हुए मतदान का समय 30 मिनट बढ़ाने की घोषणा की। आयोग के अनुसार, बढ़ाए गए समय के भीतर केवल वे प्रतिनिधि, जो मतदान केंद्र के हॉल के अंदर मौजूद हैं, मतदान कर सकेंगे।
निर्वाचन आयोग ने यह भी अनुरोध किया है कि मतदान प्रक्रिया में शामिल होने के लिए वाउचर भर चुके प्रतिनिधि दो मिनट के भीतर आवश्यक औपचारिकताएँ पूरी कर लें।
उपसभापति, महामंत्री और सहमहामंत्री पदों के लिए दूसरे चरण का मतदान संपन्न हुआ। निर्वाचन आयोग के अनुसार, पदाधिकारियों के चुनाव में करीब 1,200 से 1,300 मत पड़े हैं।

