अनुसन्धान में प्रधानमन्त्री ही क्यों न आए, छोड़ना आवश्यक नहीं है – प्रचण्ड
काठमांडू, १२ भादव
प्रधानमन्त्री पुष्पकमल दाहाल प्रचण्ड ने कहा है कि यदि अनुसन्धान के क्रम में प्रधानमन्त्री भी आए तो उसे भी छोड़ना आवश्यक नहीं है । संसद में मंगलबार हुए प्रश्नोत्तर में असिम शाह के प्रश्न का उत्तर देने के क्रम में प्रधानमन्त्री ने कहा कि सरकार गठन से लेकर सुशासन को प्राथमिकता में रखा गया है । यही कारण है कि राजनीतिक प्रणाली प्रति जनता में छाए वितृष्णा को चिड़ने में वो सफल हुए हैं । दबाब रहित निष्पक्ष खोजबीन को आगे बढ़ाने के कारण ही सुशासन सम्भव है । उन्होंने यह भी कहा कि ‘किसी को बचाने और किसी को मुश्किल में डालने के नियत से काम नहीं किया गया है । साथ ही कहा कि कोई भी दोषी छुटे नहीं और किसी निर्दोष को भी सजा नहीं मिलनी चाहिए । यदि अनुसन्धान के क्रम में प्रधानमन्त्री भी आते हैं तो उन्हें भी छोड़ना आवश्यक नहीं है । मेरी पार्टी की तो बात ही छोड़े ।


