मोदी की अभिव्यक्ति पर कांग्रेस और एमाले आत्माआलोचना करें : प्रचण्ड
काठमाण्डू , ३० नवम्बर । भारतीय प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी की अभिव्यक्ति पर एमाओवादी अध्यक्ष प्रचण्ड ने कहा है कि अब कांग्रेस और एमाले को आत्माआलोचना करनी चहिये। शनिवार की रात को एबीसी टेलिभिजन को दिये साक्षातकार मे प्रचण्ड ने कहा है कि कांग्रेस और एमाले की पिछली रवैया संविधान निर्माण मे गतिरोध उत्पन्न करके देश को ही पिछे धकेल्ने का प्रयास था । उसीका अभिव्यक्ति के रुप मे मोदी का विचार वाहर आया है । प्रचण्ड ने आगे कहा कि संविधान बनाना नेपाली के उपर निर्भर करता है । इसमे किसी की अभिव्यक्ति को अपने और दुसरे के पक्ष मे समझकर कुदने और परेशान होने की जरुरत नहीं है । भारतीय प्रधानमन्त्री मोदी ने केवल इतना ही कहा है कि नेपाल मे संविधान निर्माण संख्या के आधार पर नही वल्कि सहमति से होना चहिये ।
एकीकृत नेकपा माओवादी के अध्यक्ष प्रचण्ड ने चेतावनी दिया है कि अगर संविधान निर्माण मे सहमति नही हुई तो उनकी पार्टी मुठभेड के लिये भी तैयार है । एबीसी टेलिभिजन के साथ विशेष अन्तर्वार्ता मे प्रचण्ड ने स्वीकार किया कि दुसरी संविधानसभा की यात्रा तक उनलोगों ने कहाँ और क्या क्या गलती की है । उन्होने अश्वासन दिया कि अब वह गलती नही दोहराई जायेगी । प्रचण्ड ने कहा कि परिवर्तन की एजेण्डा को स्थापित करने के लिये संविधान सभा को साधन के रुप मे प्रयोग करना चहिये लेकिन यहाँ याथाथिस्थतिवादीयो की हित की रक्षा करने वाले साध्य के रुप मे प्रयोग होने का खतरा बढ गया है ।
एबीसी टेलिभिजन के साथ अपनी लम्बी अन्तर्वार्ता मे प्रचण्ड ने कहा कि ‘बाह्र बुंदे समझदारी से लेकर अभी तक की यात्रा सहमति के अधार पर ही हुई है । इसलिये आगे भी सहमति के अलावा और कोई विकल्प नही है। उन्होने सत्तारुढ दल पर आरोप लगाते हुये कहा कि विशेषकर एमाले की अनैतिकपन और राजनीतिक बेइमानी के कारण संविधान निर्माण मे कठिनाई हो रही है। प्रचण्ड ने कहा कि नयां संविधान निर्माण के क्रम मे समावेशी समानुपातिक सिद्धान्त, संघीयता और धर्म निरपेक्षता के बारे मा कोई भी सम्झौता नही हो सकती है और उसके लिये हम अन्तिम दम तक लड्न को तैयार हैं । और अब मैं किसी भी हालत मे छोड्ने वाला नही हूँ ।

