तीनकुने घटना के योजनाकार ज्ञानेन्द्र शाह हैं, बांकी सभी सहयोगीः एमाले महासचिव पोखरेल

काठमांडू, २ अप्रिल । नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (एमाले) के महासचिव शंकर पोखरेल ने पूर्व राजा ज्ञानेन्द्र शाह को ‘अयोग्य’ बताते हुए प्रश्न किया कि काठमांडू के तीनकुने में हुए प्रदर्शन पर उनकी चुप्पी क्यों है ? पार्टी द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पोखरेल ने कहा कि तीनकुने घटना की जिम्मेदारी पूर्व राजा को लेनी चाहिए ।
कार्यक्रम को सम्बोधन करते हुए महासचिव पोखरेल ने कहा– “१५ गते के दिन तीनकुने में हुई घटना के मुख्य योजनाकार पूर्व राजा ज्ञानेन्द्र ही हैं, बाकी सब तो केवल उनके सहयोगी हैं । दो युवाओं की जान गई, और इस पूरी घटना के कमांडर दुर्गा प्रसाईं थे ।” उन्होंने आगे आरोप लगाया, “ज्ञानेन्द्र ने ही निर्मल निवास बुलाकर प्रसाईं को कमांडर नियुक्त किया था । इसलिए, वहां प्रसाईं और अन्य लोगों ने जो कुछ भी किया, वह सब ज्ञानेन्द्र शाह के निर्देश पर हुआ । यह राष्ट्रीय प्रजातंत्र पार्टी (राप्रपा) की योजना नहीं थी ।”
महासचिव पोखरेल ने आरोप लगाया कि बांग्लादेश की तर्ज पर अराजकता फैलाकर व्यवस्था को गिराने की साजिश की गई थी और इसके लिए दुर्गा प्रसाईं को सक्रिय किया गया । “बांग्लादेश में जो लूटपाट हुई थी, वैसा ही कुछ करके नेपाल की व्यवस्था को गिराया जा सकता है, ऐसा भ्रम फैलाया गया । इसी सोच के साथ दुर्गा प्रसाईं को मैदान में उतारा गया ।” उन्होंने ने कहा ।
महासचिव पोखरेल ने यह भी आपत्ति जताई कि तीनकुने घटना पर अब तक पूर्व राजा ज्ञानेन्द्र शाह का कोई सार्वजनिक बयान नहीं आया है, यह आपत्तिजनक है ।

