अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल महासंघ फीफा ने गुरुवार को नेपाल पर प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया
अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल महासंघ FIFA ने गुरुवार को नेपाल पर प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है। नेपाली फुटबॉल के इतिहास में यह पहला अवसर है जब फीफा ने नेपाल को निलंबित किया है। इस निर्णय से नेपाली फुटबॉल अनिश्चितता और संकट की स्थिति में पहुंच गया है।
फीफा ने अपनी आधिकारिक जानकारी में बताया कि उसके ब्यूरो ऑफ द काउंसिल ने नेपाल को निलंबित करने का फैसला किया है। प्रतिबंध का मुख्य कारण फुटबॉल प्रशासन में तीसरे पक्ष के हस्तक्षेप (थर्ड-पार्टी इंटरफेरेंस) को बताया गया है।
इससे पहले अखिल नेपाल फुटबल संघ को राष्ट्रीय खेलकुद परिषद ने तीन महीने के लिए निलंबित किया था, हालांकि बाद में वह निलंबन हटा लिया गया था। परिषद और एन्फा के बीच चुनाव प्रक्रिया को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। परिषद ने एन्फा के प्रस्तावित चुनाव को मान्यता नहीं दी थी, जिसके कारण चुनाव स्थगित हो गया था।
वर्तमान कार्यसमिति, जिसका नेतृत्व पंकज बिक्रम नेम्वाङ कर रहे हैं, उसका कार्यकाल भी समाप्त हो चुका है।
फीफा और एशियाई फुटबल परिसंघ पहले भी नेपाल को चेतावनी दे चुके थे कि यदि सरकारी निकायों का हस्तक्षेप समाप्त नहीं हुआ तो नेपाल को अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से तत्काल निलंबित किया जा सकता है।
यदि यह निलंबन प्रभावी रहता है, तो नेपाल की राष्ट्रीय टीमों, क्लबों और फुटबॉल अधिकारियों को फीफा तथा एएफसी द्वारा आयोजित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भाग लेने की अनुमति नहीं मिलेगी। साथ ही विकास कार्यक्रमों और वित्तीय सहायता पर भी असर पड़ सकता है।

