आलम ने जिन्दा व्यक्ति काे उलटा लटकाया था
२०५६ चैत १७ ।
रौतहट के जिविस में आए तत्कालीन वनराज्यमन्त्री मोहम्मद आफताब आलम के निकट महताव आलमसहित के एक समूह ने सभापति रामचन्द्र राउत के कार्यकक्ष से जयप्रकाश कौशल का अपहरण किया था ।
इसके लिए उन्हाेंने जिविस परिसर में रहे नाअझ ४४१ नम्बर की सरकारी गाडी प्रयोग किया था । जाँच के क्रम में उक्त गाडी जिला वन कार्यालय की हाेने की पुष्टि हुई थी ।
एमाले कार्यकर्तासमेत रहे कौशल काे अपहरण बाद मारा पीटा जाता है बाद में आलम के काका शेख जर्नेल के घर में ले जाया जाता है । जहाँ उसे ‘सिलिङ फ्यान’ में लटकाया जाता है ।
व्यापक खोजतलास के बाद उसी दिन शाम शेख जर्नेल के घर से कौशल काे प्रहरी अपहरणमुक्त कराती है । यह समाचार आज के कान्तिपुर दैनिक में है ।


