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चाैदह महीने का साेमनाथ जाते जाते दे गया दाे लाेगाें काे जीवनदान

 

८सितम्बर

अहमदाबाद। सूरत का 14 महीने का सोमनाथ शाह उस वक्त गुजरात का सबसे युवा अंगदाता बन गया जब उसकी किडनी और हार्ट-लिवर से दो अलग-अलग लोगों की जान बचाई गई। हालांकि सोमनाथ अब हमारे बीच इस दुनिया में नहीं है लेकिन बावजूद इसके उसका दिल नई मुंबई की एक 4 साल की  बच्ची में अब भी धड़क रहा है।

पिछले डेढ़ साल से कार्डियोमायोपथी से पीड़ित 4 साल की बच्ची आराध्या योगेश का हार्ट केवल 20 प्रतिशत काम कर रहा था। उसके साइज का हार्ट न मिल पाने के कारण सोशल मीडिया पर भी ‘सेव आराध्या’ नाम से कैंपेन चल रहा था। जिसके बाद हार्ट ट्रंसप्लांट के लिए आराध्या की सर्जरी फोर्टिस अस्पताल में की गई।

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वही सोमनाथ की किडनी उत्तर गुजरात के जिले बनासकांठा के 15 वर्षीय बच्चे को मंगलवार को दान की गई। दरअसल बिहार के सीवान जिले के एक छोटे से गांव मुबारकपुर में रहने वाला सोमनाथ का परिवार हाल ही में सूरत में शिफ्ट हुआ था।

2 सितंबर को अपने घर में खेलते वक्त सीढ़ियों से गिर गया था जिससे उसके सिर में गंभीर चोट लग गई थी। सिविल हॉस्पिटल में 4 सितंबर को उसे ब्रेन डेड घोषित कर दिया गया। इसके बाद अस्पताल प्रशासन ने शहर के एक एनजीओ ‘डोनेट लाइफ’ से संपर्क किया। उन लोगों ने सोमनाथ के माता पिता को ऑर्गन डोनेशन के लिए प्रेरित किया।

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सोमनाथ के पिता के अनुसार काफी दुआओं के बाद उन्हें बेटे हुआ था। लेकिन हमें नहीं पता था कि वह हमें इतनी जल्दी छोड़कर चला जाएगा। लेकिन उनके बेटा अब भी आराध्या के अंदर जीवित है। जल्द ही ये दंपति बच्ची से मिलने मुंबई भी जाने वाले हैं।

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