एक आयुर्वेद डाक्टर ने किया दावा– नेपाल में बन गया कोरोना वायरस नियन्त्रण की दवा
काठमांडू, २९ अप्रील । नेपाल के एक प्राध्यापक एवं आयुर्वेद डाक्टरने दावा किया है कि उन्होंने कोरोना वायरस की दवा बनाया है । त्रिभुवन विश्वविद्यालय अन्तर्गत हेटौडा स्थित वनविज्ञान अध्ययन संस्थान में कार्यरत प्राध्यापक डॉ. ललितकुमार दास ने इसतरह का दावा किया है । उन्होंने कहा है कि उनके द्वारा निर्मित आयुर्वेदिक औषधी से कोरोना वायरस को निर्मूल किया जा सकता है । उनका कहना है कि विभिन्न स्वास्थ्यवद्र्धक जड़िबुटियों की समिश्रण से उन्होंने यह दावा विकास किया है ।
स्मरणीय है, डा. दास पड़ोसी देश भारतीय शहर बनारस स्थित हिन्दू विश्वविद्यालय के विद्यार्थी हैं । उन्होंने वही से फाइटो केमेस्ट्री में विद्यावारिधी (पीएचडी) किया है । साथ में वह विगत २२ साल से नेपाल में अपने ही प्रयोगशाला में एन्टीअक्सिडेन्ट याक्टिभिटी और इन्जिमेटिक याक्सन प्लान्ट में शोध कार्य कर रहे हैं, उन्होंने वही से औषधी तैयार किए हैं । डा. दास बागमती प्रदेश केमिकल सोसाइटी के उपाध्यक्ष भी हैं ।
डा. दास ने कहा है कि वन विज्ञान अध्ययन संस्थान में जो प्रयोगशाला है, उसमें औषधी का थप परीक्षण की सुविधा नहीं है । इसीलिए उन्होंने औषधी के संबंध में थप परीक्षण के लिए सरोकार वाला निकायों से आग्रह भी किया है । उनका दावा है कि कड़ा महेनत के साथ औषधी निर्माण किया गया है, जिससे कोरोना वायरस नियन्त्रण संभव है ।
नेपाल सरकार, देश तथा विदेश के विश्वविद्यालय तथा विश्व स्वास्थ्य संगठन जैसे आधिकारिक निकायों से उक्त औषधी को परीक्षण करने के लिए भी डा. दास ने आग्रह किया है । उन्होंने यह भी कहा है कि उनके द्वारा निर्मित औषधी की प्रभाकारिता पुष्टी के लिए कई चरण पार करना होता है, तब ही जाकर इसको कोरोना वायरस नियन्त्रण के लिए प्रयोग में लाया जा सकता है ।


