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रक्षा का मतलब सुरक्षा और बंधन : प्रियंका पेड़ीवाल अग्रवाल

 

रक्षा बंधन

परिचय
रक्षा बंधन का शाब्दिक अर्थ रक्षा करने वाला बंधन मतलब धागा है। इस पर्व में बहनें अपने भाई के कलाई पर रक्षा सूत्र बांधती हैं और बदले में भाई जीवन भर उनकी रक्षा करने का वचन देते हैं।
रक्षा बंधन हिन्दुओं के मुख्य त्यौहारों में से एक है। सभी त्यौहारों की तरह रक्षा बंधन भी काफी उल्लास और श्रद्धा के साथ मनाया जाता है।

शब्द का अर्थ

रक्षा का मतलब सुरक्षा और बंधन का मतलब बाध्य होता है। रक्षाबंधन के दिन बहनें अपनी भाई की रक्षा और तरक्की के लिए प्रार्थना करती है।

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प्रथा

सदियों से चली आ रही परंपरा के मुताबिक पहले के समय में बहन भाई को राखी बांधने से पहले प्रकृति की सुरक्षा के लिए तुलसी और नीम के पेड़ को राखी बांधती है।

कब मनाया जाता है?

हिंदू कैलेंडर के अनुसार, श्रावण मास की पूर्णिमा के दिन मनाया जाता है

सावन में क्युं?

रक्षाबंधन सावन महीने के अंतिम दिनों में इसलिए मनाया जाता है क्योकिं हिंदू धर्म के अनुसार सावन का महीना शुभ होता है।

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विस्तार

रक्षा बंधन का शाब्दिक अर्थ रक्षा करने वाला बंधन मतलब धागा है। इस पर्व में बहनें अपने भाई के कलाई पर रक्षा सूत्र बांधती हैं और बदले में भाई जीवन भर उनकी रक्षा करने का वचन देते हैं।रेशम के धागे को केवल बहन ही नहीं अपितु गुरु भी अपने यजमान की सलामति की कामना करते हुए उसे बांध सकते हैं।
आज ही के दिन यज्ञोपवीत बदला जाता है।रक्षाबंधन अर्थात् संरक्षण का एक अनूठा रिश्ता, जिसमें बहनें अपने भाइयों को राखी का धागा बाँधती है, लेकिन मित्रता की भावना से भी यह धागा बाँधा जाता है।

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रक्षा बंधन के दिन लोग अपने पेड़ों,मशीनों, गाडियों, आदि पर राखी बांधते हैं जिससे उनका प्यार बरकरार रहता है।रेशम की राखी से लेकर सोने की राखी तक बांधी जाती है।इस दिन भाई अपनी बहन को उपहार देते हैं।

ये प्रथा भारत में काफी प्रचलित है, और ये श्रावण पूर्णिमा का बहुत बड़ा त्यौहार है।

प्रियंका पेड़ीवाल अग्रवाल, बिराटनगर ।

विषय- रक्षा बंधन

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