‘संघीय लोकतान्त्रिक गणतन्त्र’ हटाने का निर्णय कार्यान्वयन रोकने के लिए राज्य व्यवस्था समिति द्वारा निर्देशन
काठमांडू, ९ नवम्बर । प्रतिनिधिसभा राज्य व्यवस्था तथा सुशासन समिति ने सरकार को निर्देशन दिया है कि ‘संघीय लोकतान्त्रिक गणतन्त्र’ को हटाकर सिर्फ ‘नेपाल’ लिखनेका जो निर्णय नेपाल सरकार मन्त्रिपरिषद् बैठक द्वारा हुआ है, उसको कार्यान्वयन ना किया जाए । सोमबार सम्पन्न बैठक ने ऐसा सरकार को ऐसा निर्देशन दिया है ।
सोमबार ही समिति ने परराष्ट्र मन्त्री के साथ इस विषयों को लेकर विचार–विमर्श किया था । समिति बैठक में बोलते हुए परराष्ट्रमन्त्री प्रदीप ज्ञावली ने कहा कि देश के नाम के आगे कोई भी विशेषण रखना आवश्यक नहीं है, इसीलिए हटाया गया है । उन्होंने कहा– ‘संघीय लोकतान्त्रिक गणतन्त्र देशका नाम नहीं है, यह हमारी राज्य प्रणाली है । सरकार ने सिर्फ नाम के संबंध में निर्णय किया है ।’
समिति के सदस्य एवं सत्ताधारी दल नेपाल कम्युनिष्ट पार्टी (नेकपा) संबंद्ध सांसद् द्वय विजय सुब्बा और नवराज सिलवाल ने कहा कि सरकारी निर्णय संघीयता के विरुद्ध में नहीं है, सरकार ने स्पष्टीकरण भी दिया है, इसीलिए मन्त्रिपरिषद् निर्णय कार्यान्वयन रोकने के लिए निर्देशन देना कोई भी आवश्यकता नहीं है । लेकिन समिति बैठक ने मन्त्रिपरिषद् द्वारा किया गया निर्णय रोकने के लिए निर्देशन दिया है । समिति सभापति में नेकपा नेतृ शशी श्रेष्ठ हैं ।

