Sat. Jul 18th, 2026
English मे देखने के लिए क्लिक करें

राप्रपा द्वारा बल्खु में हाेने वाले रैली के मद्देनजर सुरक्षा की कडी व्यवस्था

 

काठमांडू।

राष्ट्रीय प्रजातंत्र पार्टी (राप्रपा) मंगलवार को काठमांडू के बल्खू में रैली कर रही है। राप्रपा मंगलवार को काठमांडू में एक रैली और जनसभा आयोजित करने जा रही है जिसका उद्देश्य संवैधानिक राजतंत्र और हिंदू राज्य की बहाली के लिए दबाव डालना है। राप्रपा ने दावा किया है कि इस बैठक में बड़ी संख्या में लोग शामिल होंगे, यहां तक ​​कि घाटी के बाहर के जिलों से भी लोग आएंगे।

सुरक्षा एजेंसियों ने राप्रपा की रैली और कल मंगलवार को होने वाली रैली को लक्ष्य करते हुए निगरानी बढ़ा दी है।

तीन एजेंसियों के सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया जाएगा, जिनमें नेपाल पुलिस, सशस्त्र पुलिस बल और राष्ट्रीय जांच विभाग की टीमें शामिल होंगी। राष्ट्रीय जांच विभाग की टीमें जानकारी एकत्र करेंगी, जबकि नेपाल पुलिस और सशस्त्र पुलिस बल के बाकी सदस्य विरोध प्रदर्शन को शांतिपूर्ण बनाए रखने में भूमिका निभाएंगे।

कहा जा रहा है कि सुरक्षा रणनीति तैयार की जाएगी और उसके अनुसार उसे लागू किया जाएगा। जिला सुरक्षा समिति के सुरक्षा विश्लेषण के बाद प्रदर्शन व रैली के लिए राप्रपा द्वारा मांगे गए भृकुटी मंडप में नहीं, बल्कि बल्खू क्षेत्र में स्थान दिया गया है। बताया जा रहा है कि बल्खू  के लिए 2,000 पुलिस बल तैनात किया जाएगा। काठमांडू जिला पुलिस रेंज के एसपी एवं प्रवक्ता अपिल राज बोहोरा ने दावा किया कि करीब 2,000 पुलिसकर्मी तैनात किये जायेंगे।

यह भी पढें   प्रधानमंत्री बालेन को ‘श्री ८’ की संज्ञा देने पर रास्वपा की आपत्ति, रिकॉर्ड से हटाने की मांग

उन्होंने कहा कि सादे कपड़ों से लेकर वर्दीधारी पुलिस तक 2,000 पुलिस अधिकारी तैनात किये जायेंगे। इसी तरह सशस्त्र पुलिस बल के प्रवक्ता और डीआईजी कुमार नेउपाने ने कहा है कि आवश्यकतानुसार सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की जाएगी। उन्होंने कहा, “अभी हम संख्या नहीं बताएंगे, आवश्यकतानुसार पुलिस टीमें तैनात की जाएंगी।”

इसके अलावा, पुलिस ने कहा है कि प्रदर्शन पर सीसीटीवी कैमरों, बॉडी कैमरों और ड्रोन के जरिए नजर रखी जाएगी। पुलिस ने दावा किया है कि वे अव्यवस्था फैलाने वालों पर विशेष नजर रखेंगे और उनके खिलाफ कार्रवाई करेंगे।

यह भी पढें   फीफा विश्वकप – फाइनल में अर्जेंटीना का सामना स्पेन से

15 चैत्र को राजावादियाें की ओर से दुर्गा प्रसादी के नेतृत्व में किया गया विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गया था। जिसमें कीर्तिपुर के सबिन महर्जन और पत्रकार सुरेश रजक की मौत हो गई थी। इस बीच, पुलिस की अनावश्यक दमन के लिए आलोचना की जा रही है।

तिनकुने की घटना से स्तब्ध पुलिस फिलहाल अपनी सुरक्षा रणनीति के बारे में कुछ भी बताने से कतरा रही है। सुरक्षा विश्लेषण से पता चला है कि बल्खू क्षेत्र तिनकुने जितना संवेदनशील नहीं है और वहां तिनकुने जैसी कोई अव्यवस्थित गतिविधि नहीं होती है।

इस बीच, राप्रपा बल्खू में एक बड़ी रैली और बैठक आयोजित करने वाली है, जिसे राप्रपा अध्यक्ष राजेंद्र लिंगडेन संबोधित करेंगे। राप्रपा प्रवक्ता मोहन श्रेष्ठ ने बताया कि कार्य निष्पादन समिति की बैठक हाल ही में संपन्न हुई और कल के प्रदर्शन और रैली को सफल बनाने का निर्णय लिया गया।

यह भी पढें   भारत विकास परिषद की अनूठी पहल: "चलें गाँव की ओर" के तहत किसानों के साथ खेत में उतरे परिषद के सदस्य

उनके अनुसार मंगलवार सुबह 11:30 बजे से घाटी में विभिन्न स्थानों से जुलूस निकलने शुरू हो गए। उन्होंने कहा कि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि कितने स्थानों को खाली कराया जाएगा।

उन्होंने कहा कि राप्रपा मंगलवार के विरोध प्रदर्शन को शांतिपूर्ण बनाने के लिए बड़ी संख्या में स्वयंसेवकों को भी जुटाएगी।

उनके अनुसार, कमल थापा के नेतृत्व वाली राप्रपा नेपाल ने भी कल के विरोध प्रदर्शन का समर्थन किया है। श्रेष्ठ ने कहा कि जगमान गुरुंग के नेतृत्व वाली राजशाही बहाली के लिए संयुक्त जन आंदोलन समिति, शिवसेना नेपाल और अन्य ने भी मंगलवार के विरोध प्रदर्शन का समर्थन किया।

उनका दावा है कि चूंकि यह बागमती प्रदेश स्तर की बैठक है, इसलिए बैठक में भाग लेने के लिए बागमती प्रदेश के जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग काठमांडू आएंगे।

About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *