अंतरिम सरकार का अंतर्राष्ट्रीय स्वागत
हम नेपाल में नवनियुक्त प्रधानमंत्री सुशीला कार्की के नेतृत्व में अन्तरिम सरकार के गठन का स्वागत करते हैं । हमें उम्मीद है कि इससे शांति और स्थिरता को बढ़ावा मिलेगा – भारत
हम पंचशील के सिद्धांतों को बढ़ावा देने, विभिन्न क्षेत्रों में आदान-प्रदान और सहयोग को मजबूत करने तथा द्विपक्षीय संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए नेपाल के साथ काम करने के लिए तैयार हैं – चीन
इस महत्वपूर्ण मोड़ पर, संयुक्त राष्ट्र शांति, न्याय, पारदर्शिता, जवाबदेही और प्रगति के लिए नेपाली लोगों की आकांक्षाओं का समर्थन करने के लिए प्रतिबद्ध है— संयुक्त राष्ट्र संघ
हम लोकतन्त्र, स्थिरता और सुलह सुनिश्चित करने के सभी प्रयासों का सम्मान करते हैं — यूरोपीय संघ
नेपाल में स्थिति को सुलझाने के लिए अन्तरिम सरकार का गठन एक महत्त्वपूर्ण कदम है – यूनाइटेड किंगडम
हमें विश्वास है कि नेपाल यथाशीघ्र संक्रमणकाल समाप्त कर लेगा – जापान
तिब्बती समुदाय, भले ही छोटा हो, नेपाल के आर्थिक विकास में महत्त्वपूर्ण योगदान दे रहा है – दलाई लामा
काठमांडू , 16 सितम्बर । अंतर्राष्ट्रीय समुदाय और मित्र देशों ने नेपाल की संक्रमणकालीन राजनीतिक स्थिति से उबरने के लिए अंतरिम सरकार के गठन का स्वागत किया है । अंतर्राष्ट्रीय समुदाय ने विश्वास व्यक्त किया है कि नवगठित सरकार नेपाल में वर्तमान स्थिति में सुधार लाएगी तथा यथाशीघ्र शांति एवं स्थिर सरकार स्थापित करने के लिए कदम उठाएगी । अंतर्राष्ट्रीय समुदाय ने आने वाले दिनों में भी नेपाल सरकार को अपना समर्थन देने के साथ – साथ विकास सहायता जारी रखने की प्रतिबद्धता व्यक्त की है । अंतर्राष्ट्रीय समुदाय ने संक्रमणकाल के दौरान लोकतंत्र की रक्षा करने तथा त्वरित निर्णय लेने के लिए राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल की पहल की प्रशंसा की है ।
अंतर्राष्ट्रीय समुदाय और मित्र देशों ने अंतरिम सरकार के प्रधानमंत्री के रूप में सुशीला कार्की की नियुक्ति पर उन्हें बधाई दी है और उनके सफल कार्यकाल के लिए शुभकामनाएं दी हैं । इसी संदर्भ में, भारत सरकार ने एक बयान में कहा है, ” हम नवनियुक्त प्रधानमंत्री सुशीला कार्की के नेतृत्व में नेपाल में अंतरिम सरकार के गठन का स्वागत करते हैं । हमें उम्मीद है कि इससे शांति और स्थिरता को बढ़ावा मिलेगा ।” इसके अलावा, भारत सरकार ने एक करीबी पड़ोसी, नेपाल की लोकतांत्रिक यात्रा के मित्र और दीर्घकालिक विकास साझेदार के रूप में, दोनों देशों और देश के लोगों के कल्याण और समृद्धि के लिए नेपाल के साथ मिलकर काम करने की अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की है । भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया के माध्यम से अंतरिम प्रधानमंत्री सुशीला कार्की को बधाई दी है । उन्होंने कहा, “भारत नेपाल में अपने भाइयों और बहनों की शांति, प्रगति और समृद्धि के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है ।”
चीनी विदेश मंत्रालय ने नेपाल की नवनियुक्त प्रधानमंत्री सुशीला कार्की को बधाई दी है । विदेश मंत्रालय ने कहा है, ‘ चीन और नेपाल की दोस्ती पुरानी और ऐतिहासिक है और चीन, हमेशा की तरह, नेपाली लोगों द्वारा स्वतंत्र रूप से चुने गए विकास पथ का सम्मान करता है ।” चीन ने स्पष्ट कर दिया है कि वह दोनों देशों के बीच आपसी सहयोग और द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करेगा । चीन ने कहा, “हम पंचशील के सिद्धांतों को बढ़ावा देने, विभिन्न क्षेत्रों में आदान-प्रदान और सहयोग को मजबूत करने तथा द्विपक्षीय संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए नेपाल के साथ काम करने के लिए तैयार हैं ।”
नेपाल के लिए संयुक्त राष्ट्र की रेजिडेंट कोऑर्डिनेटर हाना सिंगर हम्दी ने नेपाल की पहली महिला प्रधानमंत्री सुशीला कार्की को बधाई संदेश भेजा है । संयुक्त राष्ट्र नेपाल द्वारा जारी एक बयान में, संयुक्त राष्ट्र ने प्रधानमंत्री की नियुक्ति पर नेपाली लोगों को बधाई दी और शांति, न्याय, पारदर्शिता, जवाबदेही और प्रगति के लिए लोगों की आकांक्षाओं का समर्थन करने की अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की l
कोऑर्डिनेटर हम्दी ने कहा, ” इस महत्वपूर्ण मोड़ पर, संयुक्त राष्ट्र शांति, न्याय, पारदर्शिता, जवाबदेही और प्रगति के लिए नेपाली लोगों की आकांक्षाओं का समर्थन करने के लिए प्रतिबद्ध है ।” संदेश में राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल, सेना प्रमुख अशोक राज सिग्देल और नई पीढ़ी के युवा नेताओं के योगदान की भी सराहना की गई है । साथ ही, इस बदलाव की प्रक्रिया में अपनी जान गंवाने वालों को भी श्रद्धांजलि दी गई है । प्रधानमंत्री कार्की को बधाई देते हुए कहा गया है, “वह देश की संवेदनशील स्थिति में यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाल रही हैं । हम उनके सफल कार्यकाल की कामना करते हैं ।” संयुक्त राष्ट्र ने स्थिरता, मानवाधिकार और सतत विकास की दिशा में नेपाल सरकार के साथ मिलकर काम करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है ।
यूरोपीय संघ ने भी नेपाल में अंतरिम सरकार के गठन का स्वागत किया है । संघ की ओर से, विदेश मामलों और सुरक्षा नीति के उच्च प्रतिनिधि और यूरोपीय आयोग के उपाध्यक्ष, काजा कलास ने एक बयान में कहा, “मैं नेपाल की अंतरिम सरकार के नए प्रधानमंत्री के रूप में सुशीला कार्की की नियुक्ति का स्वागत करता हूं ।” उन्होंने स्पष्ट किया कि यूरोपीय संघ, नेपाल के दीर्घकालिक विकास साझेदार के रूप में, नेपाली लोगों तथा यहाँ लोकतंत्र, स्थिरता और सुलह सुनिश्चित करने के लिए किए गए सभी प्रयासों का समर्थन करता रहा है और करता रहेगा ।
यूनाइटेड किंगडम ने भी नवगठित अंतरिम सरकार का स्वागत किया है । नेपाल स्थित ब्रिटिश दूतावास ने सरकार की ओर से एक बयान जारी कर सुशीला कार्की को अंतरिम प्रधानमंत्री नियुक्त होने पर बधाई दी । बयान में कहा गया है – “नेपाल के सबसे पुराने मित्र के रूप में, हम आने वाली चुनौतियों को स्वीकार करते हैं तथा जवाबदेह और समावेशी शासन के लिए नेपाली आकांक्षाओं का समर्थन करने की अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि करते हैं ।”
इस बीच, जापानी सरकार ने भी अंतरिम सरकार के गठन का स्वागत किया है और अपना दृढ़ विश्वास व्यक्त किया है कि नेपाल यथाशीघ्र संक्रमणकाल समाप्त कर लेगा । जापानी सरकार ने नेपाल के विकास और समृद्धि के लिए अपना समर्थन और सहायता जारी रखने की प्रतिबद्धता भी व्यक्त की है, ताकि जापान और नेपाल के बीच दीर्घकालिक सौहार्दपूर्ण संबंधों को और मजबूत किया जा सके ।
इसी प्रकार बौद्ध आध्यात्मिक नेता दलाई लामा ने नेपाल की प्रधानमंत्री नियुक्त की गईं सुशीला कार्की को बधाई पत्र भेजा है । भारत के धर्मशाला स्थित थेकचेन चोलिंग से भेजे गए एक पत्र में, दलाई लामा ने नेपाली और तिब्बती लोगों के बीच ऐतिहासिक संबंधों को याद किया । नेपाल सरकार और लोगों के प्रति विशेष आभार व्यक्त करते हुए दलाई लामा ने लिखा, ” मैं 1959 के बाद तिब्बत से जबरन विस्थापित किए गए तिब्बती शरणार्थियों के पुनर्वास के लिए सुविधाएं प्रदान करने के लिए नेपाल सरकार और लोगों का बहुत आभारी हूं ।” उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि तिब्बती समुदाय, भले ही छोटा हो, नेपाल के आर्थिक विकास में महत्त्वपूर्ण योगदान दे रहा है ।
अपने पत्र के अंत में, लामा ने प्रधानमंत्री सुशीला कार्की को शुभकामनाएं देते हुए कहा, “मैं इस चुनौतीपूर्ण समय में नेपाल के लोगों की आशाओं और आकांक्षाओं को पूरा करने में आपकी सफलता की कामना करता हूँ । मेरी प्रार्थनाएँ और शुभकामनाएँ आपके साथ हैं ।”प्रस्तुति – विनोदकुमार विमल”


