चीन ने अगर तत्परता नहीं दिखाई तो पश्चिमी सेती खुद निर्माण करने की चेतावनी
बहुउद्देश्यीय पश्चिम सेती (७५० मेगावाट) आयोजना निर्माण शुरु करने वाले चाइना थ्री गर्जेज इन्टरनेसनल कर्पोरेसन (सीटीजीआईसी) द्वारा हो रहे ढिलाइ के प्रति सरकार ने गम्भीर आपत्ति रखते हुए कहा है कि अब ज्यादा इंतजार सुम्भव नहीं है ।
राज्य द्वारा प्रसारण लाइन और आयोजना से उत्पादित बिजली खपत की ग्यारेन्टी देने पर भी चिनियाँ कम्पनी सीटीजीआईसी द्वारा तदारुकता नहीं दिखाए जाने पर ऊर्जासचिव अनुपकुमार उपाध्याय ने कहा है कि निजी क्षेत्र के नहीं करने पर राज्य की अपने निवेश में ही पश्चिम सेती निर्माण कराया जाएगा । गत माघ ११ में चिनियाँ कम्पनी के साथ नेपाल विद्युत् प्राधिकरण का २५ प्रतिशत शेयर वाले संयुक्त उपक्रम (ज्वाइन्ट भेन्चर) का सम्झौता होने के बाद भी चिनियाँ पक्ष गम्भीर नहीं है यह जानकारी उपाध्याय ने दी है ।


