ओली की राष्ट्रीयता और सीके राउत की आन्दोलन में कोई फर्क नहींः बालकृष्ण खाँड
काठमांडू, ९ कार्तिक । नेपाली कांग्रेस के केन्द्रीय सदस्य तथा प्रचार–प्रसार समिति के संयोजक बालकृष्ण खाँण ने कहा है कि नेकपा एमाले के अध्यक्ष केपीशर्मा ओली की राष्ट्रीयता और विखण्डनकारी सीके राउत का आन्दोलन में कोई फर्क नहीं है । नेता खाँड को मानना है– दोनों अतिवादी हैं और दोनों में कोई भी सैद्धान्तिक और व्यवहारिक दृष्टिकोण नहीं है ।
बिहीबार काठमांडू में आयोजित एक कार्यक्रम को सम्बोधन करते हुए नेता खाँड ने कहा कि विकास निर्माण के लिए अगर कोई विदेशी कम्पनी नेपाल आती है तो केपी ओली विरोध करते हैं । उन्होंने प्रश्न किया– ‘विकास विरोधी नेता कैसे राष्ट्रवादी हो सकते हैं ?’ वाम गठबंधन के प्रति संकेत करते हुए नेता खाँड ने आगे कहा– ‘तत्कालीन राजा ज्ञानेन्द्र शाह ने संसदीय व्यवस्था को इन्कार किया था, आज कम्युनिष्ट गठबंधन भी जनप्रतिनिधि द्वारा जारी संविधान में उल्लेखित संसदीय व्यवस्था को खारीज करना चाहते हैं । जिस तरह ज्ञानेन्द्र शासन खत्म हुआ था, उसी तरह एकतन्त्रिय शासन व्यवस्था के लिए वकलात करनेवाले भी खत्म हो जाएगे ।’ उनका कहना है कि नेपाल में कोई भी अतिवाद टिकनेवाला नहीं है, चाहे वह नेपाल की इतिहास को गलत प्रचार करनेवाले हो या गलत राजनीतिक नीति के बारे में बहस करनेवाले ही क्यों न हो ।


