संघीयता कार्यान्वयन में व्याप्त समस्या समाधान के लिए सरकार से आग्रह
काठमांडू, २० जुलाई । प्रतिनिधिसभा के सभामुख कृष्णबहादुर महरा ने कहा है कि संवैधानक व्यवस्था अनुसार कानुन निर्माण के लिए जल्द से जल्द विधेयक संसद में पेश होना चाहिए । उनका मानना है कि संघीयता कार्यान्वयन के लिए आज कानुन का अभाव हो रहा है, उक्त समस्या समाधान के लिए भी जल्द से जल्द विधेयक संसद में पेश होना आवश्यक है । ‘जनसंख्या तथा विकास के लिए सांसदों की मंच’ नामक संस्था द्वारा शुक्रबार काठमांडू में आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधन करते हुए उन्होंने यह बात कहा है ।
सभामुख महरा को मानना है कि संघीयता कार्यान्वयन में जो समस्या दिखाई दे रही है, कानून निर्माण होने के बाद वह नहीं रहेगी । उनको यह भी मानना है कि सन् २०२० के भीतर देशको विकसित राष्ट्र बनाने की जरुरत है और उसके लिए साझा लक्ष्य के साथ काम करना होगा । राजनीतिक दलों को साझा लक्ष्य के साथ आगे बढने के लिए आग्रह करते हुए सभामुख महरा ने कहा कि समृद्धि चाहते हैं तो इसका कोई भी दूसरा विकल्प नहीं है ।
कार्यक्रम को सम्बोधन करते हुए नेपाल कम्युनिष्ट पार्टी (नेकपा) के प्रमुख सचेतक देवप्रसाद गुरुङ ने कहा कि संघीयता कार्यान्वयन के लिए महत्वपूर्ण नियम–कानुन जल्द ही निर्मााण किया जाएगा । उन्होंने दावा किया कि देश को समृद्ध बनाने की जिम्मेदार अब नेकपा को ही है । कार्यक्रम को सम्बोधन करते हुए प्रमुख प्रतिपक्षी दल नेपाली कांग्रेस के प्रमुख सचेतक बालकृष्ण खाँड ने कहा कि कानुन निर्माण के लिए आवश्यक विधेयक के संबंध में संसद के भीतर और बाहर भी व्यापक विचार–विमर्श होनी चाहिए ।

