गंगा सप्तमी गंगा मैया के पुनर्जन्म का दिन
११ मई
आज है गंगा सप्तमी । गंगा सप्तमी गंगा मैया के पुनर्जन्म का दिन है इसलिए इसे कई स्थानों पर गंगा जयंती के रूप में भी मनाया जाता है।
गंगा सप्तमी के दिन गंगा स्नान का बहुत महत्व है।
यदि गंगा मैया में स्नान करना संभव न भी हो तो गंगा जल की कुछ बूंदें साधारण जल में मिलाकर उससे स्नान किया जा सकता है।
स्नानादि के पश्चात गंगा मैया की प्रतिमा का पूजन कर सकते हैं।
भगवान शिव की आराधना भी इस दिन शुभ फलदायी मानी जाती है।
इसके अलावा गंगा को अपने तप से पृथ्वी पर लाने वाले भगीरथ की पूजा भी कर सकते हैं।
गंगा पूजन के साथ-साथ दान-पुण्य करने का भी फल मिलता है।

