पर्सा जिला के अधिकांश गांव डुबान में, हजारों की जीवन कष्टकर
रेयाज आलम, वीरगंज
१३ जुलाई । विगत ५ दिनों से देशव्यापी रुप में बारिस हो रही है, उसका प्रभाव पर्सा जिला में भी भारी मात्र में पड़ा है । बारिस होने से आई बाढ़ के कारण पर्सा जिला के अधिकांश गांव डुबान में पड़ा हुआ है । नदी गांव–बस्ती में घुस ने कारण हजारों की जीवन कष्टकर बन रही है और खेतीयोग्य जमीन भी नष्ट होता जा रहा है ।
ओरिया नदी में आए बाढ़ के कारण छिपहरमाई गांवपालिका के जयमंगलापुर, भिस्वा, बुढ़गाई, बंजारी, मिर्जापुर, धोबनी गाउँपालिका के लंगडी, बखरी, गुलरिया, जगरनाथपुर, कालिकामाई गाउँपालिका सबैठवा, गदियानी, पोखरिया, रबिदास, मुडली, लहावरथकरी गांवपालिका के धोबियाटोला, जगरनाथपुर गाउँपालिका स्थित लक्ष्मीपुर, जानकिटोला दसौता, पाण्डेपुर, सुहपुर, बिस्पुर्वा, मोरटोल, बिन्दवासनी गांवपालिका स्थित गर्दौल, बहुअर्वा, झौवा, ईटियाहि, अमरपटी, मधवल, प्रसौनी, भाठा, हसवा, बडसवरा आदि क्षेत्र प्रभावित है ।
कालिकामाई गांवपालिका वार्ड नं. ५ निवासी रामबालक महतो केवट का घर बाढ़ के कारण पूर्ण क्षतिग्रस्त है । इसीतरह सोही वार्ड निवासी लक्ष्मण महरा, जगदीश महतो, कालिकामाई गांवपालिका–१ टिनडोविया निवासी विश्वनाथ पटेल का घर डुवान में पड़ा हुआ है । जगरनाथपुर–२ दशैता टोल में स्थित २५ घर और छिपरमाई गांवपालिका–३ छोटका टोल स्थित २५ घर भी पूर्ण रुप में डुवान में पड़ा हुआ है ।

इस क्षेत्र में डुबान में पड़े सर्वसाधारण और गांवबासियों को उद्धार के लिए बन्जारी सशस्त्र बेस कैंप के पुलिस निरीक्षक चुन्नुराज थापा के नेतृत्व में सशस्त्र पुलिस, नेपाल पुलिस और स्थानीयबासी परिचालित हैं । इसीतरह पकहा मैनपुर गांवपालिका–४ धोविया स्थित २० घर भी पूर्ण रुप में डुबान में पड़ा हुआ है । सोही गांवपालिका वार्ड नं. ५ सबैठवा स्थित ३० घर भी डुवान में पडा हुआ है । यहां स्थित महरी पुलिस चौकी भी डुवान में पडा है । इस क्षेत्र के उद्धारकार्य के लिए बीओपी सबैठा के पुलिस सहायक निरीक्षक वीरेन्द्र महरा के नेतृत्व में १५ सदस्यीय टोली परिचालित है ।
अधिकांश गांव में बाढ़ घूस ने के कारण सर्वसाधारणों की जीवन कष्टकर है, उद्धारकार्य तीव्र गति से नहीं हो पाया है । बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में स्थित खेतीयोग्य जमीन भी नष्ट हो रहा है । छिपहरमाई गांवपालिका के प्रमुख मनोज कुमार गुप्ता को कहना है कि नदी किनारे में रहनेवालों को सतर्कता अपनाने के लिए कहा गया है । उनके अनुसार नावगांवा क्षेत्र में नेपाल पुलिस, सशस्त्र पुलिस और स्थानीय बासी बाढ़ प्रभावित क्षेत्र की निगरानी कर रहे हैं ।

