नेपाल-भारत संयुक्त आयोग के पांचवें बैठक में नेपाल भारत के बीच अहम समझाैते
नेपाल भारत संयुक्त आयोग(India-Nepal Joint Commission) के पांचवें दौर की बैठक बुधवार को संपन्न हो गई। इस बैठक के दौरान भारत और नेपाल के बीच खाद्य सुरक्षा और मानकों पर समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर(MoU) हुए।
नेपाल भारत के बीच अहम समझौता
नेपाल के विदेश मंत्री ने कहा, ‘नेपाल के खाद्य प्रौद्योगिकी और गुणवत्ता नियंत्रण विभाग (DFTQC) और भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) के बीच खाद्य सुरक्षा और मानकों पर एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए और उनका आदान-प्रदान किया गया।’
इस बैठक के दौरान दोनों देशों ने विशेष रूप से कनेक्टिविटी और आर्थिक साझेदारी, व्यापार और पारगमन, बिजली और जल संसाधन क्षेत्रों, संस्कृति और शिक्षा के क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करने के साथ द्विपक्षीय संबंधों के संपूर्ण सरगम की समीक्षा की।
इस बैठक के बाद दिए गए एक बयान में संयुक्त आयोग ने पिछले दो वर्षों में उच्च-स्तरीय यात्राओं के आदान-प्रदान के बाद नेपाल-भारत संबंधों के समग्र पहलुओं पर उत्पन्न गति पर प्रसन्नता व्यक्त की। 1950 की संधि की शांति और मित्रता की समीक्षा और नेपाल-भारत संबंध (ईपीजी-एनआईआर) पर प्रख्यात व्यक्तियों के समूह की एक रिपोर्ट का आदान-प्रदान किया गया।
कई परियोजनाओं पर हुई बात
नेपाल भारत संयुक्त आयोग ने मोतिहारी-अमलेखगंज पेट्रोलियम उत्पाद पाइपलाइन, हुलाकी सड़कों के चार खंडों और नुवाकोट और गोरखा जिलों में निजी आवासों के भूकंप के बाद पुनर्निर्माण जैसे द्विपक्षीय परियोजनाओं के पूरा होने पर खुशी व्यक्त की। इसके साथ ही आयोग ने जयनगर-जनकपुर और जोगबनी-बिराटनगर खंडों में सीमा पार रेलवे परियोजनाओं और बिराटनगर में एकीकृत चेक पोस्ट की प्रगति पर प्रसन्नता व्यक्त की। नेपाल के विदेश मंत्रालय ने बताया कि आयोग ने शेष परियोजनाओं को जल्दी पूरा करने पर सहमति व्यक्त की।
इससे पहले बुधवार दोपहर भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर नेपाल के दो दिवसीय दौरे पर पहुंचे थे। उन्होंने प्रधानमंत्री के पी शर्मा ओली से शिष्टाचार भेंट की और उनके हितों पर चर्चा की।

