चीनी नागरिकाें द्वारा नेपाली युवतियाें के साथ विवाह कर देह व्यापार के लिए चीन में मानव तस्करी
१३ भदौ, काठमाडौं ।
कुछ दिनाें पहले समाचार में चर्चा का विषय बना था कि पाकिस्तानी लडकियाें काे दुलहन बनाकर देह व्यापार के लिए चीन ले जाया जा रहा है । इस बीच नेपाल मे भी कई मसले सामने आए हैं जिसमें विवाह का प्रलाेभन देकर नेपाली लडकियाें काे चीन ले जाया जा रहा है जहाँ ले जाकर उन्हें देह व्यापार में लगाया जाता है । कासकी में पार्लर चला रही युवती इसी झाँसे का शिकार हुई ।
नैकाप की उषा घिमिरे का ताे काेर्ट मैरिज भी हाे चुका था और उसने विवाह प्रमाणपत्र और पासपाेर्ट भी पा लिया था परन्तु ऐन माैके पर विमान स्थल पर हुए जाँच से वाे अचम्भित हाे गई यह जानकर कि उसे देह व्यापार के लिए ले जाया जा रहा था ।
कास्की की युवती से जाँच करने पर पता चला कि इसमें उषा नाम की महिला भी संलग्न है जाे साेल्टी हाेटल के पास ब्युटी पार्लर चलाती है । और जिससे उस युवती का विवाह हाे रहा था वाे पहले ही से उषा के साथ लिवइन रिलेशन में था । उषा लडकियाँ खाेज कर ज्याङ डोङ हुइ के लिए लाती थी जिसके मुआवजे में उसे दाे लाख रुपए कमीशन मिलते थे ।
ऐसे कार्याें में संलग्न दस काे प्रहरी ने हिरासत में लिया है ।
ब्युरोका एसपी गोविन्द थपलिया के अनुसार युवती के उद्दार के बाद घटना में संलग्न गिरोह की तलाश शुरु हुई । इसी क्रम में ६ नेपाली और ४ चीनी नागरिकाें काे पकडा गया है । पकडे जाने वाले में सिन्धुपाल्चोक की रिना उर्फ बिबिरानी तामाङ, नुवाकाट का रोज तामाङ, लमजुङ की पार्वती गुरुङ, अमृता गुरुङ, भरत तामाङ और उषा घिमिरे हैं । रिना भाषा अनुवादक है और रोज विवाह का कागजपत्र बनाने के कार्य में सहयोग किया करती थी । ‘अन्य नेपाली गाँवाें से युवती लाने के कार्य में संलग्न थे ।
पकडे जाने वाले चीनी नागरिक जेङ सियाङ डोङ और ज्याङ डोङ हुइ चीनी दलाल हैं और क्वान ग्याङ पिङ और क्वीन लियाङ नेपाली युवती के साथ विवाह करते थे। प्रहरी के अनुसार अभियुक्त के पास से १२ मोबाइल, करीब २२ लाख नेपाली रुपयाँ, चिनियाँ यूआन २ हजार ३ साै और अमेरिकी डलर १ साै ९० बरामद हुऐ हैं ।
स्राेत ओनलाइन खबर

